नाड़ी शोधन प्राणायाम
- फोटो : Pixabay
नाड़ी शोधन प्राणायाम
नाक के छेदों को बंदकर-खोलकर बारी-बारी से श्वास लेने से सर्दी के कारण बंद पड़े नासिका द्वार खुल जाते हैं, जिससे कि फेफड़ों तक सही ढंग से ऑक्सीजन पहुंच पाती है। ऐसे में बार-बार नाक में समस्या नहीं होती और सर्दी के कारण होने वाले तनाव से भी छुटकारा मिलता है। इसलिए यदि बार- बार जुकाम होना आम बात है, तब तो आपको इसे अपनी आदत बना ही लेना चाहिए।