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Teachers Day: सर्वपल्ली राधा कृष्णन के जीवन की 10 खास बातें

Tue, 05 Sep 2017 11:14 AM IST
amarujala.com, presented by : शिप्रा सक्सेना
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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
गुरुओं के गुरु डॉ सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन का 5 सितंबर को जन्मदिन है और इस दिन को पूरे भारत में 'टीचर्स डे' के नाम से मनाया जाता है। तो चलिए आज हम आपको बताते हैं इनके जीवन से जुड़ी 10 खास बातें।

साधारण रहन सहन और उच्च विचारों का समन्वय सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन का सबसे महत्वपूर्ण गहना था जिसकी वजह से वो गुरुओं के गुरु कहलाए। 

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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
सिर में सफेद रंग की पगड़ी के साथ सफेद रंग की धोती और कुर्ता पहनना राधाकृष्णन को काफी पसंद था और ज्यादातर वो इसी तरह के लिबास में नजर आते थे। हालांकि उनके कुर्ते हमेशा बंद गले के ही होते थे।

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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
भारत के दूसरे राष्ट्रपति सर्वपल्ली राधाकृष्णन केवल 4 से 5 घंटे की ही नींद लेते थे और शुद्ध शाकाहारी खाना खाना पसंद करते थे। 

 

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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
राधाकृष्णन पूरे विश्व को एक ही स्कूल मानते थे और जहां से भी उन्हें कुछ सीखने को मिल जाता था वो उसे तुरंत अपने जीवन में उतारने की कोशिश करते थे।
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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
उनके अनुसार शिक्षक का काम सिर्फ छात्राओं को पढा़ना ही नहीं बल्कि पढ़ाते हुए उनका बौद्धिक विकास करना भी है। 
 
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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
राधाकृष्णन ने पढ़ाई को बच्चों के लिए कभी भी बोझ नहीं बनने दिया। वो पढ़ाई के दौरान बच्चों को कभी -कभी गुदगुदाने वाले किस्से भी सुना दिया करते थे। 
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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
शिक्षक होने की वजह से उनका धार्मिक दृष्टिकोण अच्छा था और वो भेद -भाव से कोसों दूर रहते थे।

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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
राधाकृष्णन को कई ग्रन्थों का ज्ञान था।

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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
1954 में भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने उन्हें 'भारत रत्न' की उपाधि से सम्मानित किया। 
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सर्वपल्‍ली राधा कृष्णन
इसके अलावा ब्रिटिश शासनकाल में 'सर' की उपाधि भी दी गई थी। 
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