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शादी के बाद अवैध संबंध को गैरकानूनी घोषित करने वाले व्यक्ति ने ही कर डाला ये काम

Sat, 02 Nov 2019 06:51 PM IST
नवनीत राठौर लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : फाइल फोटो
इंडोनेशिया में एक ऐसे शख्स को अडल्ट्री यानी व्याभिचार (शादी से इतर संबंध बनाना) का दोषी पाया गया है, जिन्होंने खुद अडल्ट्री के लिए सख्त नियम बनाए थे। इंडोनेशिया में अकेह उलेमा काउंसिल (एमपीयू) के मुखलिस बिन मोहम्मद को इस अपराध के लिए 28 कोड़े मारने की सजा सुनाई गई, जबकि जिस महिला के साथ उनके संबंध थे, उसे 23 कोड़े मारने की सजा दी गई।
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pexels.com
मुखलिस अकेह प्रांत से आते हैं, यह इलाका बहुत अधिक रूढ़िवादी समझा जाता है। यह इंडोनेशिया की एकमात्र जगह है जहां सख्त इस्लामिक कानून शरिया का पालन होता है। अकेह में गे-सेक्स और जुआ भी अपराध के दायरे में आता है। अकेह बेसर जिले के डिप्टी मेयर हुसैनी वहाब ने बीबीसी से कहा कि यह ईश्वर का नियम है, जो कोई भी दोषी पाया जाएगा उसे कोड़े खाने होंगे। फिर चाहे वह एमपीयू का ही सदस्य क्यों ना हो। मुखलिस और उनकी साथी को सितंबर में पकड़ा गया था। वे दोनों एक समुद्र तट पर कार पार्किंग के समीप मौजूद थे। दोनों लोगों को गुरुवार को कोड़े मारे गए। इसके साथ ही हुसैनी ने बताया कि मुखलिस को एमपीयू से भी बाहर कर दिया गया है।
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
मुखलिस ने ही बनाए थे सख्त नियम

46 वर्षीय मुखलिस इस्लाम के धार्मिक नेता भी हैं। अकेह में साल 2005 में शरिया कानून लागू हुआ, उसके बाद से अब पहली बार किसी धार्मिक नेता को यूं सरेआम कोड़े मारे गए हैं। एमपीयू ने स्थानीय सरकार और विधायकों से अकेह में शरिया कानून लागू करने के लिए प्रस्ताव बनाने की अपील की थी। करीब एक दशक पहले अकेह को अपने इलाके में कड़े इस्लामिक नियम लागू करने का विशेषाधिकार भी दिया गया था। इसके बाद साल 2014 में समलैंगिकता के ख़िलाफ़ कानूनपारित किया गया और उसके अगले साल उसे लागू कर दिया गया।

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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
इसके साथ ही शरिया कानून के अंतर्गत शादी से इतर किसी अन्य व्यक्ति के साथ सेक्स करना, जुआ खेलना और अल्कोहल का उत्पादन, सेवन या व्यापार सभी गैरकानूनी मान लिया जाता है। साल 2017 में अकेह में दो पुरुषों को यौन संबंध बनाते हुए पकड़ लिया गया था, तब उन्हें 83 कोड़े मारने की सजा मिली थी। जिन कोड़ों से लोगों को सजा दी जाती है उन्हें एक खास तरह की लकड़ी से बनाया जाता है। 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
कोड़े मारने वाले शख्स की आंखों को छोड़कर शरीर के बाकी हिस्से को ढक दिया जाता है, जिससे उनकी पहचान जाहिर ना हो सके। कोड़े मारने की सजा जनता के बीच में दी जाती है, हालांकि बच्चों को इससे दूर रखा जाता है। अकेह में शरिया कानून मुस्लिम और गैर-मुस्लिम सभी लोगों पर बराबर लागू होता है।
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