Krishna Janmashtami 2023 Decoration Ideas: श्रीकृष्ण जन्माष्टमी भगवान विष्णु के अवतार श्रीकृष्ण की जन्मतिथि है। इस दिन देवकीनंदन का जन्म हुआ था। कृष्ण मंदिरों में हर साल जन्माष्टमी के मौके पर मध्य रात्रि यानी 12 बजे लड्डू गोपाल का जन्म कराया जाता है और भगवान के बाल स्वरूप की पूजा की जाती है। जिन लोगों के घर पर लड्डू गोपाल विराजमान हैं, वह भी जन्माष्टमी पर कृष्ण जन्म का उत्सव मनाते हैं।
वैसे तो लोग कृष्ण जन्म का उत्सव अपनी क्षमता और श्रद्धानुसार करते हैं। कोई इस मौके पर भजन कीर्तन करता है तो कोई नन्हें बाल गोपाल के जन्मदिन का उत्सव उतने ही धूमधाम से मनाता है, जितना बच्चे के जन्म पर होता है। कान्हा को नए और सुंदर वस्त्र पहनाए जाते हैं। इस दौरान घर और मंदिर को सुंदर तरीके से सजाया जाता है। भले ही कृष्ण का जन्म राजा कंस की जेल में हुआ था लेकिन उनका बचपन मथुरा और गोकुल में बीता।
ऐसे में कई जगहों पर लोग मंदिर की सजावट के साथ की जन्माष्टमी की झांकी भी सजाते हैं। इस झांकी में कृष्ण जन्म और उनके बचपन से जुड़ी जगहों के दृश्य दर्शाए जाते हैं। जेल, मथुरा के नजारे, गायों और ग्वाल बालों संग कान्हा की झांकी सजाते हैं। अगर आप भी घर पर लड्डू गोपाल का जन्म करा रहे हैं और जन्माष्टमी उत्सव मना रहे हैं तो मंदिर को खूबसूरती से सजा सकते हैं। मंदिर में कृष्ण की झांकी भी सजाई जा सकती हैं। इस लेख में मंदिर और कृष्ण झांकी को सजाने के कुछ तरीके बताए जा रहे हैं।