होली का नाम सुनते ही हमारी आंखों के सामने रंग, गुलाल और पकवानों की तस्वीरें आने लगती है। हम सभी को रंग खेलना पसंद होता है। पुराने समय में होली पर इस्तेमाल होने वाले रंग हल्दी, चंदन, गुलाब और टेसू के फूल से बनाये जाते थे, लेकिन अब बाजार में धड़ल्ले से केमिकल रंग बेचे जाते हैं जो कि हमारी त्वचा, बालों और आंखों के लिए नुकसानदायक होते हैं। अब सवाल आता है कि असली और नकली रंगों की पहचान हम कैसे करें: