मलेरिया बुखार की समस्या
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मलेरिया और इसका खतरा
वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन (डब्ल्यूएचओ) की रिपोर्ट के मुताबिक साल 2023 में दुनिया भर में मलेरिया के लगभग 26 करोड़ से अधिक मामले सामने आए और 5.97 लाख लोगों की मौत हुई। मलेरिया को लेकर लोगों में देखी जा रही लापरवाही सबसे ज्यादा भारी पड़ रही है।
- मलेरिया सिर्फ एक साधारण बुखार नहीं, बल्कि एक परजीवी संक्रमण है, जो संक्रमित मादा एनोफिलीज मच्छर के काटने से फैलता है।
- यह शरीर में जाकर लाल रक्त कोशिकाओं को प्रभावित करता है और धीरे-धीरे व्यक्ति को गंभीर रूप से कमजोर होता जाता है।
- मलेरिया का अगर सही से इलाज न किया जाए तो इससे ऑर्गन फेलियर तक का खतरा हो सकता है।
विशेषज्ञ कहते हैं, मलेरिया के शुरुआती लक्षण सामान्य वायरल बुखार जैसे ही लगते हैं जिसमें लोगों को सिर और बदन में दर्द, थकान, भूख न लगने के साथ बुखार की दिक्कत हो सकती है। यही कारण है कि कई लोग इसे वायरल या मौसम बदलने वाला फीवर मान लेते हैं।
लेकिन मलेरिया में बुखार का पैटर्न अलग हो सकता है। यही कारण है कि ये समझना जरूरी है कि आपको जो बुखार हो रहा है उसका कारण क्या है?