समय पर लें डॉक्टरी मदद
- फोटो : Adobe stock
समय पर लें डॉक्टरी मदद
ओवरथिंकिंग में दिमाग व्यस्त रहता है, लेकिन आमतौर पर जिस समस्या को लेकर विचार चल रहे होते हैं उसका कोई हल नहीं निकल पाता। बार-बार पुरानी घटनाओं को दोहराने से आप कई बार खुद को दोष देने लग जाते हैं। ये स्थितियां मानसिक स्वास्थ्य के लिए मुश्किलें बढ़ाने वाली हो सकती हैं।
डॉक्टर कहते हैं, अगर लगातार सोचने की वजह से नींद, काम, रिश्ते या रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हो रही है, तो मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से तुरंत सलाह लें। मदद लेने का मतलब यह नहीं कि समस्या बहुत बड़ी हो चुकी है। समय पर मनोवैज्ञानिक सहायता लेने से सोचने के इस पैटर्न को समझने और बदलने में मदद मिल सकती है।
--------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।