फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Text Neck Syndrome: क्या है 'टेक्स्ट नेक' जिसका युवाओं में बढ़ गया है खतरा, मोबाइल चलाते हैं तो हो जाएं सावधान

Thu, 12 Dec 2024 12:46 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

दुनियाभर में युवाओं में बढ़ती टेक्स्ट नेक बीमारी को लेकर अलर्ट किया जा रहा है। आंकड़ों से पता चलता है कि 73% विश्वविद्यालय के छात्रों और 64.7% लोग जो वर्क फ्रॉम होम करते हैं, वो इसका शिकार हो सकते हैं। आखिर क्या है ये समस्या?
विज्ञापन
1 of 5
युवाओं में बढ़ती टेक्स्ट नेक बीमारी - फोटो : Freepik.com
लाइफस्टाइल और आहार की गड़बड़ी ने वैश्विक स्तर पर हर उम्र के लोगों की सेहत को प्रभावित किया है। युवा आबादी भी इसका तेजी से शिकार होती जा रही है। युवाओं में बढ़ती डायबिटीज और ब्लड प्रेशर की समस्या तो विशेषज्ञों के लिए चिंता का कारण बनी ही हुई है, इसके साथ-साथ दुनियाभर में युवाओं में बढ़ती टेक्स्ट नेक बीमारी को लेकर भी अलर्ट किया जा रहा है। ये समस्या न सिर्फ असहनीय दर्द का कारण बनती है साथ ही कई अन्य प्रकार की असहजताओं को भी बढ़ाने वाली हो सकती है।

अध्ययनकर्ता बताते हैं कि टेक्स्ट नेक एक सार्वजनिक स्वास्थ्य समस्या के तौर पर बढ़ती जा रही है। महामारी विज्ञान के आंकड़ों से पता चलता है कि 73% विश्वविद्यालय के छात्रों और 64.7% लोग जो वर्क फ्रॉम होम करते हैं, वो इसका शिकार हो सकते हैं। टेक्स्ट नेक के कारण आपको गर्दन या पीठ दर्द में दर्द बनी रहती है जिसके कारण दिनचर्या के सामान्य कामकाज करने में भी दिक्कत महसूस होने लगती है।

आइए जानते हैं कि टेक्स्ट नेक क्या है और ये समस्या क्यों बढ़ रही है? 
विज्ञापन

2 of 5
गर्दन में दर्द और असहजता - फोटो : Freepik.com
टेक्स्ट नेक सिंड्रोम के बारे में जानिए

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, टेक्स्ट नेक सिंड्रोम एक नया टर्म है, इसे टेक नेक या स्मार्टफोन नेक के नाम से भी जाना जाता है। लंबे समय तक इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों जैसे मोबाइल फोन-कंप्यूटर को आगे की तरफ झुककर देखते रहने के कारण गर्दन पर अतिरिक्त दबाव और तनाव बढ़ जाता है जिसके कारण आपको ये दिक्कत हो सकती है। सरल भाषा में समझें तो टेक्स्ट नेक की दिक्कत तब होती है जब आप  स्क्रीन को देखने के लिए सिर आगे और नीचे की ओर झुकते हैं और इसके कारण गर्दन और रीढ़ पर बार-बार तनाव बढ़ता है।

तटस्थ स्थिति में मानव सिर का वजन 10-12 पाउंड (साढ़े चार से पांच किलो) के बीच होता है लेकिन आगे की ओर झुकने पर यह वजन बढ़ जाता है जिससे गर्दन की मांसपेशियों और रीढ़ पर अतिरिक्त दबाव भी पड़ने लगता है। 
विज्ञापन

3 of 5
गर्दन और पीठ में होने वाला दर्द - फोटो : Freepik.com
कैसे जानें कहीं आपको भी तो नहीं है ये समस्या?

साल 2018 में किए गए एक अध्ययन में पाया गया है कि 35 प्रतिशत स्मार्टफोन उपयोगकर्ता टेक्स्ट नेक सिंड्रोम से पीड़ित हो सकते हैं। एक अन्य शोध के मुताबिक 15-18 वर्ष की आयु वाले लोग जिनका स्मार्टफोन पर अधिक समय बीतता है उनमें इस समस्या के विकसित होने का जोखिम अधिक हो सकता है। टेक्स्ट नेक सिंड्रोम के कारण गर्दन, पीठ के ऊपरी हिस्से और कंधे में दर्द बना रहता है। 

गर्दन में लगातार या रुक-रुक कर होने वाला दर्द टेक्स्ट नेक के मुख्य लक्षणों में से एक है। पीठ में दर्द, विशेष रूप से कंधे की हड्डियों के बीच वाले हिस्से और गर्दन की मांसपेशियों में अकड़न की समस्या को इसका लक्षण माना जा सकता है जिसको लेकर सभी लोगों को विशेषरूप से ध्यान देते रहने की सलाह दी जाती है।

4 of 5
टेक्स्ट नेक सिंड्रोंम से कैसे बचें? - फोटो : Freepik.com
समय पर उपचार न होने से बढ़ सकती हैं दिक्कतें

इस तरह की समस्याओं पर समय रहते ध्यान देना और उपचार प्राप्त करना जरूरी हो जाता है। इलाज न हो पाने की स्थिति में गर्दन में होने वाला दर्द आसपास की मांसपेशियों को भी प्रभावित करने लगता है। पीठ के ऊपरी हिस्से की मांसपेशियों में असंतुलन होने का खतरा भी बढ़ जाता है, इसके साथ आपको कुछ समय के लिए भी गर्दन को एक मुद्रा में रखने में कठिनाई महसूस हो सकती है।

टेक्स्ट नेक सिंड्रोम की समस्या समय के साथ आपकी 'क्वालिटी ऑफ लाइफ' को भी प्रभावित करने वाली हो सकती है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
मोबाइल फोन के इस्तेमाल को लेकर बरतें सावधानी - फोटो : freepik
क्या इससे बचाव किया जा सकता है?

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, टेक्स्ट नेक की समस्या से बचे रहने के लिए सभी लोगों को प्रयास करते रहना चाहिए। चूंकि युवा लोग फोन से अधिक लगे रहते हैं इसलिए युवाओं को और भी सावधान रहना चाहिए। इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का उपयोग करते समय अपनी शारीरिक मुद्रा को ठीक रखना, गर्दन को बहुत आगे की तरफ न झुकाना जरूरी है। 
  • डिवाइस को आंखों के स्तर पर रखें, जिससे गर्दन को ज्यादा झुकाना न पड़े।
  • गर्दन और कंधों को स्ट्रेच करने और आराम देने के लिए बार-बार ब्रेक लें।
  • लैपटॉप स्टैंड और फोन होल्डर आदि के इस्तेमाल से भी टेक्स्ट नेक सिंड्रोम से बचा जा सकता है।
सबसे जरूरी बात यदि आपको कुछ समय से गर्दन या पीठ में दर्द बना रहता है तो इसे अनदेखा न करें और डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें। 



--------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें