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यूरीनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन: महिलाओं को अधिक परेशान करती है यह बीमारी, लक्षणों को न करें नजरअंदाज

Fri, 09 Jul 2021 08:16 AM IST
सोनू शर्मा हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
Medically Reviewed by Dr. Rajesh Mundeja 

डॉ राजेश मुंडेजा 
जनरल फिजीशियन, उजाला सिग्नस अस्पताल  
डिग्री- एम.बी.बी.एस, एमडी


यूरीनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन (यूटीआई) एक आम, लेकिन गंभीर समस्या है। सीडीसी के मुताबिक, यह समस्या तब होती है जब बैक्टीरिया, अक्सर त्वचा या मलाशय से, मूत्रमार्ग में प्रवेश करते हैं और मूत्र पथ को संक्रमित करते हैं। वैसे तो यह संक्रमण मूत्र पथ के कई हिस्सों को प्रभावित कर सकता है, लेकिन इसका सबसे आम प्रकार मूत्राशय का संक्रमण, जिसे सिस्टिटिस कहा जाता है। किडनी का संक्रमण (पायलोनेफ्राइटिस) यूरीनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन का ही एक अन्य प्रकार है। यह कम आम संक्रमण है, लेकिन मूत्राशय के संक्रमण से अधिक गंभीर है। वैसे तो यूरीनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन की समस्या पुरुषों और महिलाओं, दोनों में ही देखी जाती है, लेकिन महिलाओं में इसका असर अधिक देखने को मिलता है। आइए जानते हैं इसके लक्षणों के बारे में और किन लोगों में यूटीआई का खतरा ज्यादा होता है? 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : pixabay
यूरीनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन के लक्षण क्या हैं?
  • मूत्रमार्ग और मूत्राशय की परत में सूजन आ जाना 
  • पेशाब करते समय दर्द या जलन महसूस होना 
  • बार-बार पेशाब करने के लिए उठना, लेकिन बहुत कम मात्रा में पेशाब होना
  • पेशाब से बदबू आना 
  • पेशाब से खून आना 
  • पेट के निचले हिस्से में दर्द होना 
  • हल्का बुखार, ठंड लगना या कंपकंपी होना 
  • जी मिचलाना 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
छोटे बच्चों और बुजुर्गों में यूटीआई के लक्षण 
  • विशेषज्ञ कहते हैं कि छोटे बच्चों में यूरीनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन होने पर बुखार, पीलिया, उल्टी, दस्त और चिड़चिड़ापन जैसे लक्षण नजर आ सकते हैं। वही, बुजुर्गों में बुखार, भूख न लगना, सुस्ती और मूड बदलना जैसे लक्षण हो सकते हैं। 

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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : pixabay
किन लोगों में यूटीआई का खतरा ज्यादा होता है? 
  • कम पानी पीने वाले लोग, बहुत देर तक पेशाब रोक कर रखने वाले लोग और किडनी में पथरी की समस्या से जूझ रहे लोगों में यूटीआई होने का खतरा अधिक होता है। इसके अलावा अगर शारीरिक संबंध अधिक बार या बहुत लोगों के साथ बनाया जाए, तो भी यह संक्रमण हो सकता है। डायबिटीज के मरीजों को भी यूटीआई होने का खतरा अधिक होता है। 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pexels.com
यूटीआई से बचने के उपाय क्या हैं 

आप निम्न कार्य करके यूटीआई को रोकने में मदद कर सकते हैं: 
  • यौन क्रिया के बाद पेशाब करें
  • नियमित रूप से पानी पिएं, यानी शरीर में पानी की कमी न होने दें 
  • नियमित रूप से पेशाब करें, यानी पेशाब रोक कर न रखें 
  • नहाते समय गुप्त अंगों को अच्छी तरह साफ करें 
नोट: डॉक्टर राजेश मुंडेजा, सऊदी अरब, मॉरीशस, मालदीव और भारत सहित विभिन्न देशों में काम करने के साथ 25+ वर्षों के अनुभव वाले एक जाने-माने चिकित्सक हैं। इन्होंने बीकानेर के एसपी मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस और एमडी की डिग्री प्राप्त की है। इसके साथ इन्होंने सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय में चिकित्सा विशेषज्ञ के रूप में काम किया है और उजाला सिग्नस अस्पताल में शामिल होने से पहले आजमगढ़ उत्तर प्रदेश के महामृत्युंजय अस्पताल में निर्देशक, वरिष्ठ सलाहकार चिकित्सक और चिकित्सा विभाग के प्रमुख रहे हैं।  

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित अस्वीकरण- बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें। 
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