पीरियड्स हर महीने महिलाओं के शरीर में होने वाली एक अद्भुत प्रक्रिया है। ये प्रकृति का उपहार है जो हर महीने महिला के शरीर को मातृत्व की संभावना के लिए तैयार करता है। हालांकि कई महिलाओं को हर महीने पीरियड्स के दौरान जटिलताओं का सामना कर पड़ता है।
आमतौर पर ये मान लिया जाता है कि पीरियड्स है तो दर्द होगा ही, लेकिन चिंता की बात ये है कि कई बार यही दर्द शरीर के भीतर चल रही गंभीर समस्याओं की तरफ भी संकेत हो सकता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, पीरियड्स में हल्का या मध्यम दर्द होना स्वाभाविक हो सकता है, लेकिन अगर हर महीने आपको इतना दर्द होता कि इससे उठना-बैठना मुश्किल हो जाए, स्कूल-कॉलेज या ऑफिस जाना बंद करना पड़े, बार-बार दर्द की दवाइयों का सहारा लेना पड़े तो ये समस्याकारक हो सकता है। कई मामलों में एंडोमेट्रियोसिस जैसी समस्या के कारण भी इस तरह की दिक्कत देखी जाती रही है। एंडोमेट्रियोसिस पर समय रहते ध्यान न देना आपको इनफर्टिलिटी का शिकार भी बना सकता है।
अगर आप भी पीरियड्स के दौरान दर्द से परेशान रहती हैं तो सावधान हो जाइए और समय रहते इसकी जांच कराइए।