हस्तमैथुन को लेक समाज में हौवा
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जब हस्तमैथुन के नुकसान नहीं तो समाज में इतना हौवा क्यों?
इस लेख में साक्ष्य सहित प्रस्तुत अध्ययनों से यह बात स्पष्ट होती है कि न तो हस्तमैथुन आपको शारीरिक हानि पहुंचाता है, न ही इससे वैवाहिक जीवन प्रभावित होता है, यह पूर्णत: स्वस्थ है। अब सवाल है कि जब हस्तमैथुन के नुकसान ही नहीं हैं तो इसको लेकर समाज में इतना भ्रमजाल क्यों है?
इस सवाल के जवाब में डॉ सत्यकांत बताते हैं- फूड, सेक्स और अचीवमेंट (कुछ विशेष प्राप्त करना) हमारे दिमाग के 'रिवार्ड सिस्टम' को सक्रिय करता है, यह सिस्टम हमें खुशी का एहसास दिलाती है। समस्या यह है कि जब हमारा शरीर सेक्सुअल डिजायर के संकेत देता है, और हम इसे गलत मानकर दबाने की कोशिश करने लगते हैं, तब इसके कारण अपराधबोध और हीन भावना जन्म लेती है। इस भावना के कारण मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं जैसे तनाव-अवसाद आदि का खतरा बढ़ जाता है।
जिस तरह से हृदय गति, किडनी-लिवर की क्रिया, भोजन के पाचन को हम कंट्रोल नहीं कर सकते हैं, सेक्सुअल डिजायर भी उसी तरह से है। इसको लेकर हमारी अज्ञानता और झिझक ,सेक्स दवाइयों के बड़े और अनावश्यक बाजार को बढ़ावा देती है।
दुर्भाग्यवश, बड़े योजनाबद्ध तरीके से हिंदी के शब्दों को भी ऐसे गढ़ा गया है जो हमारे दिमाग में हस्तमैथुन के लिए कुंठा पैदा करें। जैसे स्वपन'दोष', वीर्य'पतन', बचपन की गलतियां आदि। पर जब इसे मेडिकल साइंस प्राकृतिक और सुरक्षित मानता है तो इसमें गुण-दोष का प्रश्न ही नहीं है। वीर्यपतन भी ऐसा ही गढ़ा एक शब्द है, जिसे ऐसा प्रदर्शित किया जाता है जैसे हमारी शक्ति चली गई है। इस बाजार ने अपने लाभ के लिए हस्तमैथुन को सीधे खून और शक्ति से जोड़ दिया है, हमारी अज्ञानता इसे और बढ़ावा देती है।
हस्तमैथुन, नुकसानदायक नहीं है इसका अर्थ यह भी नहीं है कि यह स्वास्थ्यवर्धक या शक्तिवर्धक है। हमें बस समाज में फैले अज्ञानता के मायाजाल से निकलकर इतना ही समझ लेना है कि जब तक हस्तमैथुन हमारे कंट्रोल में है इससे कोई नुकसान नहीं है, पर अगर हम इसके कंट्रोल में हैं तो आपको काउंसलिंग की आवश्यकता है।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यह लेख स्वास्थ्य विशेषज्ञों के सुझाव और साझा की गई केस की जानकारी के साथ मेडिकल रिपोर्ट्स/अध्ययनों के आधार पर तैयार किया गया है। लेख का उद्देश्य समाज में फैली गलत जानकारियों/अफवाहों को लेकर आपको सचेत करना मात्र है। लेख, हस्तमैथुन को किसी भी प्रकार से बढ़ावा को प्रेरित नहीं करता है।