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Health Risk: हाथों-पैरों में अक्सर होता रहता है दर्द? कहीं ये किसी गंभीर बीमारी की संकेत तो नहीं

Tue, 25 Mar 2025 10:07 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

जिन लोगों का खानपान ठीक नहीं रहता, दिन का अधिकतर समय बैठे-बैठे या आराम करते हुए बीत जाता है उन्हें कई प्रकार की स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। हाथों-पैरों या शरीर के किसी भी हिस्से में दर्द की शिकायत होना उनमें से एक है।
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हाथों में दर्द की समस्या - फोटो : Freepik.com
दिनचर्या की गड़बड़ी आपको कई प्रकार की बीमारियों का शिकार बना सकती है। जिन लोगों का खानपान ठीक नहीं रहता, दिन का अधिकतर समय बैठे-बैठे या आराम करते हुए बीत जाता है उन्हें कई प्रकार की स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। हाथों-पैरों या शरीर के किसी भी हिस्से में दर्द की शिकायत होना उनमें से एक है।

आमतौर पर थकान, शारीरिक मेहनत या सामान्य स्वास्थ्य समस्याओं के कारण इस तरह की दिक्कतें हो सकती हैं। कुछ दवाओं और घरेलू तरीकों से इनमें लाभ भी पाया जा सकता है। हालांकि अगर आपको अक्सर दर्द की समस्या बनी रहती है, विशेषकर हाथों-पैरों या दोनों में तो इसे लेकर सावधान हो जाना जरूरी हो जाता है। कुछ स्थितियों में अक्सर बने रहने वाले दर्द को गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का संकेत भी माना जा सकता है।
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दर्द की समस्या ने कर दिया है परेशान? - फोटो : freepik.com
क्या कहते हैं विशेषज्ञ?

अगर आपको अपनी बाहों, पैरों में दर्द होता रहता है, तो हो सकता है कि आपकी मांसपेशियों को पर्याप्त रक्त न मिल रहा हो, इस स्थिति को क्लॉडिकेशन कहते हैं। इसके अलावा शरीर में दर्द के और भी कई संभावित कारण हो सकते हैं, जिसके बारे में जानना और समय रहते इलाज प्राप्त करना जरूरी हो जाता है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक क्लॉडिकेशन की समस्या आपकी जांघ, पिंडली या नितंबों में होने वाला दर्द का कारण बन सकती है। आमतौर पर क्लॉडिकेशन का दर्द तब होता है जब आप चलते हैं हालांकि आराम करने पर ये दर्द दूर भी हो जाता है। जैसे-जैसे बीमारी बढ़ती है, थोड़े से चलने पर भी दर्द हो सकता है।
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पैरों में दर्द की समस्या - फोटो : Adobe
आपको ब्लड सर्कुलेशन की दिक्कत तो नहीं?

यदि आपके शरीर में रक्त के संचार से संबंधित समस्याएं हैं तो इसके कारण भी आपको अपने हाथों-पैरों में अक्सर दर्द होता रह सकता है। मांसपेशियों को पर्याप्त रक्त न मिलने से उनकी कार्यक्षमता और लचीलेपन में कमी आने लगती है जिससे आपकी दिक्कतें बढ़ सकती हैं।

मांसपेशियों में रक्त ले जाने वाली नसों में रुकावट की स्थिति कई और भी प्रकार के स्वास्थ्य विकारों का कारण बन सकती है, इसलिए समय रहते इसपर ध्यान देना जरूरी है।

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थाइरॉइड की समस्या - फोटो : Freepik.com
थायरॉयड ग्रंथि की समस्या

थायरॉयड ग्रंथि की समस्या विशेषतौर पर हाइपोथायरायडिज्म के शिकार लोगों को भी अक्सर दर्द होते रहने की समस्या बनी रहती है। हाइपोथायरायडिज्म की स्थिति में आपकी थायरॉयड ग्रंथि कुछ प्रमुख हार्मोन्स पर्याप्त मात्रा में नहीं बना पाती है। इससे मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द के साथ सूजन की दिक्कत बढ़ सकती है।

आप अक्सर थकान महसूस कर सकते हैं और कुछ लोगों में ये याददाश्त की समस्याओं, बालों के पतले होने, त्वचा के रूखेपन, हाई कोलेस्ट्रॉल, हृदय गति में कमी जैसे लक्षण भी पैदा कर सकती है।
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दर्द से परेशान रहते हैं तो जान लीजिए ये बातें - फोटो : freepik.com
तंत्रिकाओं की समस्या

अगर आपको तंत्रिकाओं से संबंधित समस्या है तो इस वजह से भी हाथों-पैरों में दर्द की दिक्कत हो सकती है। पेरिफेरल न्यूरोपैथी नाम की समस्या के कारण मस्तिष्क और रीढ़ की हड्डी के आसपास की तंत्रिकाओं को नुकसान पहुंचाने लगती है जिसके कारण हाथ-पैर या शरीर के अन्य हिस्सों में दर्द, सुन्नता और कमजोरी हो सकती है।

इसी तरह से हाई डायबिटीज वाले लोगों में डायबिटीज न्यूरोपैथी का जोखिम अधिक देखा जाता रहा है जिससे तंत्रिकाओं की दिक्कत बनी रहती है जिसके कारण दर्द, सुन्नता और हाथ-पैरों में झुनझुनी हो सकती है।





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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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