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Karwa Chauth 2024: करवा चौथ व्रत में कहीं बिगड़ न जाए तबीयत, डायबिटीज की शिकार हैं तो इन बातों का रखें ध्यान

Sun, 20 Oct 2024 07:13 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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करवा चौथ 2024 - फोटो : adobe stock
पति की लंबी आयु और सलामती के लिए विवाहित महिलाएं करवा चौथ का व्रत रखती हैं। इस दिन सूर्योदय से लेकर चंद्रोदय तक कुछ भी खाना-पीना नहीं होता है। वैसे तो व्रत रखने के लिए धार्मिक और स्वास्थ्य के हिसाब से कई लाभ हैं। पर अगर आप किसी बीमारी से पीड़ित हैं तो बिना डॉक्टर की सलाह के व्रत करने से बचना चाहिए। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, विशेषतौर पर जो महिलाएं डायबिटीज की शिकार हैं उन्हें विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है।

मधुमेह से पीड़ित महिलाओं के लिए, अगर सावधानी से व्रत न रखा जाए तो यह स्वास्थ्य के लिए जोखिम भरा हो सकता है। इसलिए परंपरा और स्वास्थ्य के बीच संतुलन बनाना बहुत जरूरी है। 

ब्लड शुगर लेवल में उतार-चढ़ाव या डायबिटीज के कारण होने वाली समस्याओं से बचाव के लिए करवा चौथ व्रत के दौरान कुछ महत्वपूर्ण सुझावों का पालन करना बहुत जरूरी है। आइए जानते हैं कि डायबिटीज की शिकार महिलाओं को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?
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डायबिटीज रोगी कैसे रहें व्रत - फोटो : Freepik.com
क्या कहते हैं विशेषज्ञ?

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, किसी भी बीमारी की शिकार हैं या दवा चल रही है तो बिना डॉक्टरी सलाह के ज्यादा देर खाली पेट नहीं रहना चाहिए। डायबिटीज की स्थिति में उपवास करने का निर्णय लेने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श करना और भी महत्वपूर्ण हो जाता है। डायबिटीज में व्रत या ज्यादा समय तक खाली पेट रहने के कारण हाइपोग्लाइसीमिया (लो ब्लड शुगर) की समस्या हो सकती है।

व्रत के दौरान कुछ बातों का जरूर ध्यान रखा जाना चाहिए।
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शरीर को रखें हाइड्रेट - फोटो : Adobe Stock
शरीर में न होने पाए पानी की कमी

करवा चौथ में पारंपरिक रूप से निर्जल उपवास किया जाता है, लेकिन मधुमेह से पीड़ित महिलाओं के लिए हाइड्रेशन बहुत जरूरी है। पूरे दिन हाइड्रेशन के स्तर को बनाए रखने के लिए अपना उपवास (सरगी के दौरान) शुरू करने से पहले पानी या हर्बल टी का सेवन करें। निर्जलीकरण के कारण रक्त शर्करा के स्तर में उतार-चढ़ाव होने का खतरा रहता है जिसके कारण कई जटिलताएं हो सकती हैं। इसलिए अपने व्रत की शुरुआत अच्छी तरह से हाइड्रेटेड होकर करें।

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पौष्टिक आहार - फोटो : Freepik.com
सरगी में पौष्टिक चीजों का करें सेवन

उपवास के दौरान शरीर में ऊर्जा के स्तर को बेहतर बनाए रखने के लिए सरगी बहुत जरूरी है। मधुमेह से पीड़ित महिलाओं को प्रोटीन, जटिल कार्बोहाइड्रेट और स्वस्थ वसा से भरपूर संतुलित भोजन करना चाहिए। साबुत अनाज, मेवे, दही और फल जैसे खाद्य पदार्थ का सेवन करें। सरगी में ज्यादा मीठी चीजों, पैक्ड जूस का सेवन न करें, इससे शुगर का लेवल बढ़ने का खतरा हो सकता है। 
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डायबिटीज की समस्या में क्या करें? - फोटो : Freepik.com
ब्लड शुगर के स्तर पर रखें ध्यान

रक्त शर्करा के स्तर पर नियमित रूप से ध्यान देते रहना जरूरी है। सबुह शुगर की जांच जरूर करें। अगर आपको कभी भी चक्कर, कमजोरी महसूस हो या लो ब्लड शुगर के लक्षण दिखाई दें, तो थोड़ी मात्रा में ग्लूकोज, फलों का रस या मिठाई के साथ तुरंत अपना उपवास तोड़ दें। ऐसे मामलों में परंपरा से ज्यादा स्वास्थ्य को प्राथमिकता देना बेहतर है। 



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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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