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अलर्ट: बार-बार अलार्म बंद करके पांच मिनट और सोने की आदत कहीं बिगाड़ न दे आपकी सेहत? जान लीजिए खतरे

Sun, 27 Sep 2026 07:36 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Snooze Alarm: अलार्म बंद करके बार-बार सोने से नींद की प्रक्रिया बार-बार टूट सकती है। एक छोटे अध्ययन में स्नूज अलार्म के दौरान नींद की अवस्थाओं में ज्यादा बदलाव और जागने के बाद की सुस्ती देखा गया। 
 
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स्नूज अलार्म की दिक्कत - फोटो : Amarujala.com/AI
सुबह अलार्म बजते ही उसे बंद करके पांच-दस मिनट और सोने की आदत बहुत सामान्य है। कई लोग रोज सुबह में कई बार अलार्म बंद करते हैं दोबारा सोने की कोशिश करते रहते हैं। हमें लगता है कि ऐसा करके थोड़ी और नींद मिल जाती है, पर क्या वास्तव में ऐसा होता है?

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, भले ही आप अलार्म बंद करके थोड़ी देर और सो लेते हैं, पर ये अतिरिक्त नींद हमेशा आराम देने वाली नींद नहीं होती। बार-बार अलार्म से जागना और फिर दोबारा सोना, नींद की प्रक्रिया को बाधित कर सकता है।

बार-बार स्नूज अलार्म का इस्तेमाल करने पर नींद की अवस्थाओं में बार-बार बदलाव होता है इससे जागने के बाद भी सुस्ती यानी स्लीप इनर्शिया की समस्या हो सकती है। क्या आप भी टुकड़ों-टुकड़ों में सोकर उठने के बाद थकान महसूस करते हैं?
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नींद के बाद थकान - फोटो : Freepik.com
सो कर उठने के बाद भी होती है थकान

मेडिकल रिपोर्ट्स से पता चलता है कि स्नूज अलार्म के दौरान हम कुछ मिनटों के लिए फिर सो जाते हैं और कुछ देर बाद फिर से अलार्म की घंटी दोबारा जगा देती है।
 
  • अध्ययनों में पाया गया है कि बार-बार स्नूज अलार्म इस्तेमाल करने पर नींद की अवस्थाओं में बार-बार बदलाव होता है। इससे सुबह उठने के बाद कुछ लोगों को भारीपन, सुस्ती या दिमाग साफ न लगने जैसा अनुभव हो सकता है।
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नींद पूरी न होने की दिक्कतें - फोटो : Freepik.com
स्लीप इनर्शिया की समस्या का खतरा

नींद से जागने के तुरंत बाद कुछ समय तक दिमाग और शरीर पूरी तरह सक्रिय नहीं होता। इसे स्लीप इनर्शिया कहा जाता है। इसमें शरीर की सतर्कता और प्रतिक्रिया की क्षमता कुछ समय के लिए कम रह सकती है। बार-बार अलार्म के कारण जबरन जागने से इस प्रक्रिया पर भी असर पड़ सकता है और शरीर को एक्टिव होने में ज्यादा समय लगता है। हालांकि अध्ययनों में इससे लंबे समय में क्या नुकसान होता है ये स्पष्ट नहीं है।
 
  • अगर आपको अलार्म के बाद कई बार स्नूज करना पड़ता है, तो यह संकेत हो सकता है कि आप पर्याप्त नींद नहीं ले रहे हैं। 
  • देर रात सोना और सुबह जल्दी उठना शरीर की नींद की जरूरत पूरी नहीं होने देता।
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अच्छी नींद बहुत जरूरी - फोटो : Freepik.com
कैसे करें इसमें सुधार?

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, अलार्म को बार-बार बंद करने के बजाय रात में सोने का समय थोड़ा पहले करें। सुबह उठते ही कमरे में रोशनी आने दें, बिस्तर से उठकर कुछ कदम चलें। इससे शरीर को एक्टिव होने का मौका मिलता है।
 
  • अगर पर्याप्त नींद लेने के बावजूद रोज बहुत ज्यादा नींद आती है या उठना लगातार बेहद मुश्किल रहता है, तो आपको नींद से जुड़ी समस्याओं का खतरा हो सकता है जिसको लेकर डॉक्टर से सलाह जरूरी है।



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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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