एच1एन1 फ्लू पिछले कुछ हफ्तों से चर्चा के केंद्र में है। एक रिपोर्ट के मुताबिक इस साल
दिल्ली में एच1एन1 यानी स्वाइन फ्लू के मामलों में तेज उछाल देखा गया है। पिछले साल इसी अवधि में जहां 229 मामले दर्ज किए गए थे, वहीं इस साल यह आंकड़ा बढ़कर 1,344 तक पहुंच गया है। यानी मामलों में करीब छह गुना की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। बड़ी संख्या में लोग खांसी, जुकाम और तेज बुखार जैसी शिकायतों के साथ अस्पताल पहुंच रहे हैं जिनमें से कई लोगों की जांच में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हो रही है।
दिल्ली के बाद अब बेंगलुरु में भी इस संक्रामक रोग का अटैक देखा जा रहा है। यहां एक स्कूल से सामने आई खबर ने अभिभावकों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की चिंता बढ़ा दी है। बेंगलुरु के रिचर्ड्स टाउन स्थित क्लेरेंस हाई स्कूल में 500 से ज्यादा छात्रों और 21 स्टाफ सदस्यों में फ्लू जैसे लक्षण सामने आने की खबर है। बच्चों और स्टाफ में बुखार, खांसी, जुकाम और शरीर में दर्द जैसे लक्षण देखे जा रहे हैं। जांच के दौरान दो छात्रों में एच1एन1 की पुष्टि ने चिंता बढ़ा दी है, एक स्टाफ सदस्य का अस्पताल में इलाज चल रहा है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों को आशंका है कि बड़ी संख्या में बच्चों के बीमार पड़ने का कारण स्वाइन फ्लू का संक्रमण हो सकता है, हालांकि अभी इसकी पुष्टि नहीं हुई है। स्थिति को देखते हुए स्कूल को एहतियात के तौर पर अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है।
इधर स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सभी माता-पिता को स्वाइन फ्लों को लेकर बच्चों को अलर्ट करने और बचाव के उपाय करते रहने की सलाह दी है।