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Omicron Symptoms: खाने से संबंधित ऐसी दिक्कत हो सकती है संक्रमण का संकेत, हालिया अध्ययन में दावा

Thu, 17 Feb 2022 01:56 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ टिप्स, अमर उजाला, नई दिल्ली
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कोविड-19 में खाने से संबंधित लक्षण - फोटो : iStock
Medically Reviewed by-
डॉ सौरभ अवस्थी
(श्वांस रोग विशेषज्ञ, इंटेंसिव केयर यूनिट)
नोएडा


दुनियाभर में पिछले दो साल से अधिक समय से जारी कोरोना के संक्रमण ने लोगों के स्वास्थ्य को गंभीर रूप से प्रभावित किया है। डेल्टा जैसे वैरिएंट से संक्रमण में लोगों को गंभीर लक्षणों का अनुभव हुआ, इतना ही नहीं इससे संक्रमितों के बीच मृत्युदर भी काफी अधिक रही। हालांकि इस समय जारी ओमिक्रॉन के लक्षणों को अपेक्षाकृत हल्का बताया जा रहा है, पर विशेषज्ञों का कहना है कि सभी लोगों को इस वैरिएंट से सुरक्षित रहने के लिए विशेष उपाय करते रहने चाहिए, क्योंकि इसकी संक्रामता दर काफी अधिक बताई जाती है। ओमिक्रॉन को लेकर हुए अध्ययन में वैज्ञानिकों को इसके लक्षणों के अलग और नए सेट के बारे में पता चला है।

अध्ययन में वैज्ञानिकों ने बताया कि भले ही इसके कारण होने वाली रोग की गंभीरता कम है पर इस बारे में सभी लोगों को विशेष सावधान रहना चाहिए। डेल्टा की तुलना में इस बेहद संक्रामक माने जा रहे वैरिएंट में लोगों को रात में पसीना आने, गले में खरोंच जैसी दिक्कतों का अनुभव हो रहा है। इस बीच वैज्ञानिकों की टीम ने भोजन करते समय महसूस होने वाले ओमिक्रॉन के लक्षणों के बारे में बताया है, जिसको लेकर सभी लोगों को अलर्ट रहने की सलाह दी जाती है। आइए इस बारे में विस्तार से जानते हैं।
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कोविड संक्रमण में भूल न लगने की दिक्कत - फोटो : iStock
खाने से संबंधित दिक्कतों का पता चला
यूके के जोई कोविड स्टडी के दौरान शोधकर्ताओं ने बताया कि ओमिक्रॉन संक्रमितों में डेल्टा की तुलना में सामान्य लक्षण जैसे बुखार, थकान और गंध -स्वाद की कमी जैसी दिक्कतें कम देखी जा रही हैं, इसके विपरीत संक्रमितों को पेट से संबंधित समस्याओं जैसे डायरिया, पेट दर्द और  गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल लक्षणों का अनुभव अधिक हो रहा है। इसके अलावा कुछ रोगियों ने खाने से संबंधित दिक्कतों की भी शिकायत की है। इसमें संक्रमण के दौरान भूख न लगने या एक समय खाना न खाने जैसी इच्छा का अनुभव हो रहा है।
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कोरोना में खाने की इच्छा न होना - फोटो : Pixabay
विशेषज्ञों का क्या कहना है?
यूके नेशनल हेल्थ सर्विस (एनएचएस) के शोधकर्ताओं ने भी संक्रमण के दौरान भूख में कमी महसूस होने जैसे लक्षणों के बारे में बताया है। शोधकर्ताओं का कहना है कि संक्रमण के दौरान थकान महसूस होना भी सामान्य है और रोगियों को ठीक होने में समय लग सकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक संक्रमितों को अपने वजन की निगरानी करते रहना चाहिए। संक्रमितों को भूख न लगने के कारण कमजोरी की दिक्कत महसूस होती रह सकती है, इससे बचाव के लिए पोषक तत्वों से भरपूर खाद्य पदार्थों के सेवन के साथ शरीर को हाइड्रेटेड रखना बिल्कुल न भूलें। इसमें की गई चूक आपको गंभीर रूप से बीमार कर सकती है।

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ओमिक्रॉन के लक्षणों को न करें नजरअंदाज - फोटो : iStock
ओमिक्रॉन के इन संकेतों को भी न करें अनदेखा
जोई कोविड स्टडी के अनुसार कोरोना के अन्य वैरिएंट की तरह ओमिक्रॉन से संक्रमितों को गले में खराश, बदन दर्द, हल्का बुखार, नाक बहना और सिरदर्द की समस्या बनी रह सकती है। हालांकि ओमिक्रॉन संक्रमण में कुछ अलग लक्षणों जैसे रात को पसीना आने और उल्टी-मतली का अनुभव या गले में तेज खरोंच जैसी दिक्कतें भी हो सकती हैं। इन लक्षणों को लेकर लोगों को विशेष सावधान रहने की आवश्यकता है। 
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कोरोना संक्रमण को लेकर बरतें सावधानी - फोटो : iStock
स्वास्थ्य विशेषज्ञ ने किया सावधान
अमर उजाला से बातचीत में इंटेंसिव केयर के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ सौरभ बताते हैं, रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि कोरोना से संक्रमण के लक्षण हल्के होते हैं, ऐसे में ज्यादातर लोग इसे गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। ऐसी गलती भारी पड़ सकती है। संक्रमण कितना भी हल्का क्यों न हो, सभी आवश्यक सावधानियां जरूर बरतनी चाहिए। मास्क पहनना, शारीरिक दूरी बनाए रखना और हाथों की स्वच्छता का ध्यान रखना हम सभी के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। खास बात, कोरोना के खतरे से बचे रहने के लिए सभी लोगों को वैक्सीन की दोनों डोज जरूर लगवानी चाहिए।

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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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