प्रतीकात्मक तस्वीर
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विशेषज्ञ कहते हैं कि ईटिंग डिसऑर्डर और भी कई तरह के होते हैं, जिसमें एनोरेक्सिया नर्वोसा, ऑर्थोरेक्सिया नर्वोसा और बिंज ईटिंग डिसऑर्डर शामिल हैं। विशेषज्ञ कहते हैं कि एनोरेक्सिया एक मानसिक स्थिति है, जिससे पीड़ित लोग अपने वजन को लेकर बहुत अधिक संजीदा हो जाते हैं और ऐसे में वो अधिक डाइटिंग और व्यायाम का सहारा लेते हैं। ऐसे लोगों को लगता है कि अगर वो खाना खाएंगे तो मोटे हो जाएंगे। इसके कारण वो अनियमित और कम खुराक लेने लगते हैं, जिससे उनके स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ता है।