कोरोना महामारी के बढ़ते संक्रमण के बीच इसकी दवा और वैक्सीन बनाने को लेकर अलग-अलग देशों के वैज्ञानिक प्रयोग कर रहे हैं। देश में फिलहाल लॉकडाउन चल रहा है और कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों को आइसोलेट कर उनका इलाज किया जा रहा है। संक्रमित लोगों को उनके लक्षणों के आधार पर अस्पताल में बनाए गए कोविड वार्ड के अलावा अस्थाई कोविड केयर सेंटर में भी रखा जाता है। वहीं, शुरुआती लक्षणों वाले मरीजों के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय ने सेल्फ आइसोलेशन या होम आइसोलेशन का दिशानिर्देश जारी किया है। इसके मुताबिक, बहुत हल्के (वेरी माइल्ड) लक्षणों वाले मरीज खुद को घर में ही आइसोलेट कर सकते हैं। हालांकि इसकी कुछ जरूरी शर्तें हैं, जिन्हें मानना जरूरी है। आइए, जानते हैं इस बारे में विस्तार से।