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भारत में चीन से नहीं बल्कि ज्यादातर इन देशों से आया कोरोना वायरस, भारतीय शोधकर्ताओं का दावा

Fri, 10 Jul 2020 04:05 PM IST
निलेश कुमार लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार


 
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Coronavirus in India - फोटो : Pixabay/Amar Ujala
दुनिया के 200 से ज्यादा देशों को बुरी तरह प्रभावित करने वाला कोरोना वायरस कहां से आया, इसको लेकर अध्ययन और बहस दोनों जारी है। इस वायरस की शुरुआत चीन से हुई, लेकिन चीन में कहां से आया? कुछ अध्ययनों में इस बात को लेकर सहमति बनी है कि यह पैंगोलिन या किसी अन्य जानवर से चमगादड़ में और फिर चमगादड़ से इंसानों में आया। खैर, क्या आप जानते हैं कि भारत में कोरोना वायरस कहां से आया? अधिकतर लोगों का अंदाजा यही होगा कि भारत में भी कोरोना वायरस चीन से ही आया होगा। लेकिन भारतीय शोधकर्ताओं ने इसको लेकर अलग ही दावा किया है। उनके मुताबिक भारत में कोरोना वायरस केवल चीन से नहीं, बल्कि कहीं और से आया है। 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
  • इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ साइंस (IISc) के शोधकर्ताओं ने एक शोध अध्ययन में दावा किया है कि भारत में कोरोना वायरस चीन से नहीं, बल्कि यूरोप, मिडिल ईस्ट और साउथ एशिया के इलाकों से आया है। इसके पीछे शोधकर्ताओं का तर्क है कि देश में सबसे ज्यादा यात्री इन्हीं  क्षेत्रों से आए। 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
  • शोध अध्ययन करने वाली आईआईएससी(IISc) की इस टीम में शामिल माइक्रोबायोलॉजी और सेल बायोलॉजी के प्रोफेसर कुमारावेल सोमसुंदरम, माइनक मंडल, अंकिता और अन्य शोधकर्ताओं ने जीनोमिक्स स्टडी के आधार पर यह वैज्ञानिक खोज की है। शोधकर्ताओं ने वायरस के जीनोम अनुक्रमों का विस्तृत विश्लेषण किया। उन्होंने भारत में वायरस के मूल और महत्वपूर्ण आनुवंशिक वेरिएंट के संभावित स्रोत का पता लगाया।

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Coronavirus - फोटो : Pixabay
  • रिसर्च जर्नल करंट साइंस में प्रकाशित इस आलेख के मुताबिक, विश्लेषण से पता चला है कि 137 में 129 भारतीय लोगों में कोरोना इन देशों के लोगों से मिलता-जुलता था। क्लस्टर- ए से मालूम हुआ कि भारतीय नमूने ओशिनिया, कुवैत और साउथ एशियन नमूनों जैसे थे। वहीं क्लस्टर बी के नमूने यूरोपियन नमूनों से मिलते-जुलते थे। 
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Coronavirus - फोटो : Pixabay
  • शोधकर्ताओं ने बताया कि कुछ नमूने मिडिल ईस्ट और साउथ एशियन नमूने जैसे भी थे। इस तरह का परिणाम बताता है कि अधिकांश भारतीय लोगों में जो कोविड-19 का वायरस मिला है वह मूलतः यूरोप, मिडिल ईस्ट, साउथ एशिया और ओशिनिया का है। 137 में से केवल आठ नमूने ऐसे थे जौ चीन और ईस्ट एशिया के सैंपलों से मिल रहे थे। इससे यह भी पता चलता है कि यह वायरस चीन से लौटे भारतीय लोगों से भी आया। 
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Coronavirus - फोटो : Pexels
  • इस अध्ययन में यह भी रेखांकित किया गया है कि रैपिड वायरस जीनोम सिक्वेंस के पावर और पब्लिक डाटा शेयरिंग से इस महामारी की पहचान और मैनेजमेंट दोनों संभव है। शोधकर्ताओं ने कहा कि संभव है, भारत में कोरोना वायरस यूरोप और ओशिनिया से आया है। इसके अलावा इसका स्रोत मिडिल ईस्ट और साउथ एशियाई क्षेत्र हो सकते हैं। 
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Coronavirus - फोटो : Pixabay
  • शोधकर्ताओं ने कहा कि भारतीय मरीजों की कॉन्टैक्ट हिस्ट्री और यात्रा का विवरण नहीं होने से इस नतीजे पर नहीं पहुंचा जा सका है कि इस वायरस का मूल सोर्स कहां का है। उन्होंने कहा कि हमारे परिणाम यह भी बताते हैं कि वायरस और देशों के बीच भी संबंध हैं, जहां की यात्रा भारतीयों ने सबसे ज्यादा की।
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