रोजाना करें दूध का सेवन
- फोटो : iStock
क्या कहते हैं शोधकर्ता?
अध्ययनकर्ताओं का कहना है, दूध और डेयरी उत्पाद मेटाबोलिक सिंड्रोम, मोटापा और उच्च रक्तचाप को रोकने के साथ डायबिटीज के खतरे को भी कम कर सकते हैं। हालांकि ज्यादातर अध्ययन कहते हैं, लो फैट डेयरी उत्पाद ज्यादा लाभकारी हैं। दूध और दही दोनों को अध्ययनों में मेटाबोलिक सिंड्रोम और टाइप-2 डायबिटीज के खिलाफ सुरक्षा देते हुए देखा गया है।
दूध कैल्शियम और प्रोटीन दोनों का शानदार स्रोत है, इसलिए यह महत्वपूर्ण है कि सभी लोग आहार में इसे जरूर शामिल करें। विशेष रूप से बढ़ते बच्चों और महिलाओं को जिन्हें कैल्शियम और प्रोटीन दोनों की आवश्यकता होती है उनके लिए यह बहुत लाभकारी है। दूध के सेवन की आदत शरीर को स्वस्थ रखने के साथ क्रोनिक बीमारियों के जोखिम को कम करने वाला हो सकता है।
----------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।