वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण साल 2020 का बजट पेश कर रही हैं। बजट के अंतर्गत सरकार ने इंद्रधनुष अभियान के विस्तार करने की घोषणा की है। सरकार का लक्ष्य और नारा है कि ''टीबी हारेगा तो ही देश जीतेगा''। आपको बता दें कि पूरी दुनिया में टीबी के सबसे ज्यादा मामले भारत में ही हैं। तपेदिक के विश्व के तकरीबन एक चौथाई मामले भारत में ही पाए जाते हैं।
केंद्र में किसी भी दल की सरकार हो टीबी जैसी बीमारी के लगातार फैलने को लेकर हर सरकार चिंतित रही है। इस बार बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमन ने नारा दिया है ''टीबी हारेगा तो ही देश जीतेगा''। इसके लिए इंद्रधनुष योजना के विस्तार की बात कही गई है।
आपको बता दें कि इंद्रधनुष अभियान भारत सरकार के केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय का वह अभियान है जिसमें सभी बच्चों को टीकाकरण के अंतर्गत लाए जाने के लिए लक्ष्य तय किया गया है। यह 'मिशन इंद्रधनुष' है। इसे सुशासन दिवस के अवसर पर 25 दिसंबर 2014 प्रारंभ किया गया था।
बता दें कि इंद्रधनुष के सात रंगों को प्रदर्शित करने वाला मिशन इंद्रधनुष का उद्देश्य उन बच्चों का 2020 तक टीकाकरण करना है जिन्हें टीके नहीं लगे हैं। इस मिशन में डिफ्थेरिया, बलगम, टिटनस ,पोलियो ,तपेदिक ,खसरा तथा हेपिटाइटिस-बी को रोकने जैसे सात टीके आंशिक रूप से लगे हैं। इसमें भी सरकार का जोर सबसे ज्यादा टीबी पर है। आइए आपको बताते हैं टीबी के लक्षण, कारण और बचाव के तरीके।