एचआईवी संक्रमण के जोखिमों को लेकर अलर्ट
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विशेषज्ञों ने जताई चिंता
यूएस स्थित लिवरपूल विश्वविद्यालय में एचआईवी विशेषज्ञ एंड्रयू हिल ने कहा वैसे तो ट्रम्प को अमेरिकी धन को अपनी इच्छानुसार खर्च करने का अधिकार है, हालांकि कोई भी जिम्मेदार सरकार पहले से चेतावनी दे देती है ताकि देश योजना बना सके, बजाय इसके कि रातोंरात क्लीनिक बंद होने पर मरीजो को फंसा दिया जाए।
2003 में शुरू कई गई थी योजना
गौरतलब है कि अमेरिकी राष्ट्रपति की एड्स राहत आपातकालीन योजना या PEPFAR सन 2003 में अमेरिकी राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू. बुश द्वारा शुरू की गई थी, जो किसी भी देश द्वारा किसी एक बीमारी पर केंद्रित अब तक की सबसे बड़ी प्रतिबद्धता थी।
यूएनएड्स के अनुमान के अनुसार, 2024 में दुनियाभर में एड्स से संबंधित लगभग 6.30 लाख मौतें हुईं। अमेरिकी वित्त पोषण में कटौती के बाद विशेषज्ञों को आशंका है कि आने वाले दिनों में एचआईवी-एड्स के मामले और मौतों में फिर से वृद्धि हो सकती है।
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