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Symptoms Of Malaria: मानसून में दिखें ये 5 लक्षण तो हो जाएं सावधान, मलेरिया का हो सकता है संकेत

Thu, 25 Jun 2026 11:05 AM IST
Shruti Gaur हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

5 Symptoms Of Malaria: मानसून आते ही मच्छरों से होने वाली बीमारियां बढ़ने लगती हैं। खासतौर पर मलेरिया का होना तो बेहद आम माना जाता है। बहुत से लोग इसके शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज कर देते हैं। आइए आपको बताते हैं, कि ये लक्षण क्या हैं....
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मलेरिया के 5 लक्षण - फोटो : AI
5 Symptoms Of Malaria: मानसून का मौसम जहां गर्मी से राहत लेकर आता है, वहीं अपने साथ कई मौसमी बीमारियों का खतरा भी बढ़ा देता है। बारिश के दौरान जगह-जगह पानी जमा होने से मच्छरों की संख्या तेजी से बढ़ती है, जिससे मलेरिया, डेंगू और चिकनगुनिया जैसी बीमारियां फैलने लगती हैं। इनमें मलेरिया एक गंभीर बीमारी है, जो संक्रमित मादा एनोफिलीज मच्छर के काटने से फैलती है। 

अक्सर लोग इसके शुरुआती लक्षणों को सामान्य वायरल बुखार या थकान समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, जिसके कारण बीमारी गंभीर रूप ले सकती है। समय रहते मलेरिया के संकेतों की पहचान और इलाज शुरू करना बेहद जरूरी है। 

यदि आपको लगातार बुखार, ठंड लगना या शरीर में असामान्य कमजोरी महसूस हो रही है, तो इसे हल्के में न लें। आइए जानते हैं मलेरिया के ऐसे 5 प्रमुख लक्षण, जिन्हें नजरअंदाज करना आपकी सेहत पर भारी पड़ सकता है।
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मलेरिया के 5 लक्षण - फोटो : Freepik.com
1. तेज बुखार और ठंड लगना
 
  • मलेरिया का सबसे प्रमुख और शुरुआती लक्षण तेज बुखार होता है। 
  • संक्रमित मच्छर के काटने के बाद शरीर में परजीवी बढ़ने लगते हैं, जिससे अचानक ठंड लगना और कंपकंपी शुरू हो सकती है।
  •  इसके बाद शरीर का तापमान तेजी से बढ़ जाता है और बुखार 102 से 104 डिग्री फारेनहाइट तक पहुंच सकता है।
  •  कई मरीजों में यह बुखार एक निश्चित अंतराल पर बार-बार आता है।
  •  यदि लगातार तेज बुखार के साथ ठंड लग रही है, तो तुरंत जांच करवानी चाहिए।

 
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मलेरिया के 5 लक्षण - फोटो : Freepik
 2. अत्यधिक पसीना आना
 
  • मलेरिया के मरीजों में बुखार का दौर खत्म होने के बाद अत्यधिक पसीना आना आम बात है। 
  • शरीर जब तापमान को सामान्य करने की कोशिश करता है, तब पसीना अधिक निकलता है। 
  • कई बार मरीज के कपड़े तक भीग जाते हैं और शरीर में पानी की कमी होने लगती है। 
  • यदि बुखार के बाद बार-बार जरूरत से ज्यादा पसीना आ रहा है, तो इसे सामान्य कमजोरी समझकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।

 

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मलेरिया के 5 लक्षण - फोटो : AI
 3. सिरदर्द और शरीर में दर्द
 
  • मलेरिया के कारण शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली संक्रमण से लड़ने में जुट जाती है, जिससे सिरदर्द और मांसपेशियों में दर्द की समस्या बढ़ सकती है। 
  • मरीज को सिर भारी लगना, आंखों के आसपास दर्द होना और पूरे शरीर में टूटन महसूस हो सकती है। 
  • कई बार यह दर्द इतना अधिक होता है कि व्यक्ति अपनी रोजमर्रा की गतिविधियां भी ठीक से नहीं कर पाता। 
  • ऐसे लक्षण लंबे समय तक बने रहें तो डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
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मलेरिया के 5 लक्षण - फोटो : Freepik

 4. कमजोरी और थकान
 
  • मलेरिया शरीर की ऊर्जा को तेजी से प्रभावित करता है।
  •  संक्रमण के कारण मरीज को हर समय थकान, सुस्ती और कमजोरी महसूस हो सकती है। 
  • साधारण काम करने में भी परेशानी होने लगती है और शरीर में ताकत की कमी महसूस होती है। 
  • कुछ मामलों में खून की कमी (एनीमिया) भी हो सकती है, जिससे कमजोरी और अधिक बढ़ जाती है।
  •  इसलिए लगातार थकान को हल्के में नहीं लेना चाहिए।
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मलेरिया के 5 लक्षण - फोटो : Freepik.com

 5. मतली और उल्टी
 
  • मलेरिया का असर पाचन तंत्र पर भी पड़ सकता है। 
  • कई मरीजों को जी मिचलाना, उल्टी होना, पेट में असहजता और भूख कम लगने जैसी समस्याएं होती हैं।
  •  इसके कारण शरीर को पर्याप्त पोषण नहीं मिल पाता और कमजोरी बढ़ सकती है। 
  • यदि बुखार के साथ बार-बार उल्टी या मतली की शिकायत हो रही है, तो यह मलेरिया का संकेत हो सकता है और तुरंत चिकित्सकीय जांच करानी चाहिए।
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मलेरिया के 5 लक्षण - फोटो : amar ujala

 मलेरिया से बचाव के उपाय
 
  • घर के आसपास पानी जमा न होने दें।
  •  मच्छरदानी का इस्तेमाल करें।
  •  पूरी बांह के कपड़े पहनें।
  •  मच्छर भगाने वाली क्रीम या रिपेलेंट का उपयोग करें।
  •  बुखार होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
 
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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