ओडिशा में गुरुवार को सामान्य जनजीवन आंशिक रूप से प्रभावित रहा। दरअसल, विपक्षी कांग्रेस और सात अन्य राजनीतिक दलों ने कथित यौन उत्पीड़न की घटना में न्याय न मिलने पर खुद को आग लगाने वाली एक कॉलेज छात्रा की मौत के विरोध में पूरे राज्य में 12 घंटे का बंद बुलाया। भुवनेश्वर, कटक और राज्य के अन्य हिस्सों में सड़कें सुनसान रहीं। विपक्षी दलों के कार्यकर्ताओं की ओर से सुबह 6 बजे से ही बंद के समर्थन में प्रदर्शन शुरू करने की वजह से जटनी, पुरी और भद्रक स्टेशनों जैसे कुछ स्थानों पर ट्रेन सेवाएं प्रभावित हुईं। बाजार, स्कूल और व्यावसायिक भी प्रतिष्ठान बंद रहे।
प्रदर्शनकारियों ने राज्य की राजधानी में कई मुख्य सड़कों पर जाम लगा दिया। भाजपा सरकार के खिलाफ नारे लगाए और बालासोर में मृत कॉलेज छात्रा के लिए न्याय की मांग की। कांग्रेस, भाकपा, माकपा, माकपा (माले), फॉरवर्ड ब्लॉक, राजद, सपा और राकांपा के नेता बंद को लागू करने के लिए अपनी पार्टी के झंडे लेकर सड़कों पर उतरे।