गरुड़ कमांडो की ट्रेनिंग नौसेना के मारकोज और आर्मी के पैरा कमांडो के आधार पर की गई है। इन्हें एयरबोर्न आपरेशन (वायुयान संचालन), एयरफील्ड सीजर) हवाई क्षेत्र पर कब्जा, और आतंकवादियों से मुकाबला करने का प्रशिक्षण भी दिया जाता है। गरुड़ कमांडो ने जम्मू-कश्मीर में विद्रोहियों का मुकाबला भी किया है। शांति के समय गरुड़ कमांडो का प्रमुख कार्य भारतीय वायु सेना के एयर फील्ड की रक्षा करना होता है।