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UPSC 44 Rank Controversy: हरियाणा और बिहार के तुषार में से किसने की परीक्षा पास, आयोग ने किया साफ

Fri, 26 May 2023 09:45 PM IST
भूपेंद्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी (हरियाणा)
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हरियाणा के रेवाड़ी के तुषार, दूसरी ओर बिहार के तुषार। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी, सोशल साइट्स
संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की सिविल सेवा परीक्षा में 44वें रैंक को लेकर चल रहे हरियाणा के रेवाड़ी व बिहार के भागलपुर निवासी तुषार के बीच छिड़े विवाद पर यूपीएससी ने शुक्रवार को विराम लगा दिया है। यूपीएससी ने अपनी जांच में बताया कि रेवाड़ी निवासी तुषार कुमार ने ही फर्जीवाड़ा किया था। रेवाड़ी का तुषार कुमार प्रारंभिक परीक्षा भी उत्तीर्ण नहीं कर पाया था।

यूपीएससी ने माना है कि बिहार के भागलपुर निवासी तुषार कुमार ने ही परीक्षा उत्तीर्ण की है और उनकी ही 44वीं रैंक है। वहीं दूसरी ओर से गुरुवार को यूपीएससी कार्यालय जाने की बात कहकर घर से निकले रेवाड़ी के तुषार का अभी कोई सुराग नहीं लगा है। इस मामले को लेकर तुषार के परिजन भी परेशान हैं। तुषार की भाभी ने बताया कि शुक्रवार को उनके पति तुषार को ढूंढने के लिए दिल्ली के लिए रवाना हो गए हैं।
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रोल नंबर - फोटो : अमर उजाला
यूपीएससी ने 23 मई को परीक्षा का रिजल्ट जारी किया था, जिसमें 44वीं रैंक पर तुषार कुमार का नाम व रोल नंबर 1521306 दिया गया था। रिजल्ट आने के बाद रेवाड़ी के तुषार ने दावा किया था कि परीक्षा में वह पास हुआ है। उन्होंने 1521306 रोल नंबर वाला अपना इंटरव्यू कार्ड भी दिखाया था। तुषार के घर पर जमकर जश्न मना था और बहुत सी संस्थाओं ने सम्मानित भी किया था।
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यूपीएससी की परीक्षा में पास होने की खबर परतुषार को बधाई देते सैनी समाज के पदाधिकारी। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी (फाइल)
यूपीएससी के पास पहुंचा फर्जीवाड़ा
मीडिया रिपोर्ट के माध्यम से फर्जीवाड़े का यह पूरा मामला यूपीएससी के पास पहुंच गया था। यूपीएससी ने इस मामले की पूरी परत खोलते हुए शुक्रवार को बयान जारी किया। इसमें बताया कि रेवाड़ी निवासी तुषार ने सिविल सर्विसेज के लिए आवेदन किया था, जिसको 2208860 रोल नंबर जारी किया गया था। तुषार को पेपर वन में माइनस 22.89 अंक मिले थे। वहीं पेपर टू में 44.73 अंक आए थे। यूपीएससी के नियमों के अनुसार पेपर टू में कम से कम 66 अंक लाने वाले ही उत्तीर्ण माने गए। ऐसे में रेवाड़ी का तुषार प्रारंभिक परीक्षा भी उत्तीर्ण नहीं कर पाया था। यूपीएससी के अनुसार बिहार के भागलपुर निवासी तुषार कुमार को ही 1521306 रोल नंबर जारी किया गया था, जिसने 44वीं रैंक प्राप्त की है।

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UPSC - फोटो : Social Media
आयशा मकरानी के दावे को भी फर्जी बताया
आयोग ने कहा कि आयशा मकरानी का वास्तविक रोल नंबर 7805064 है। उसने 5 जून, 2022 को आयोजित प्रारंभिक परीक्षा में भाग लिया और सामान्य अध्ययन पेपर वन में केवल 22.22 अंक और सामान्य अध्ययन पेपर टू में 21.09 अंक प्राप्त किए। परीक्षा नियमों के अनुसार, उसे पेपर टू में कम से कम 66 अंक प्राप्त करने की आवश्यकता थी। वह प्रारंभिक परीक्षा भी पास नहीं कर सकी और परीक्षा के अगले चरण में आगे नहीं बढ़ सकी। दूसरी ओर, रोल नंबर 7811744 वाली आयशा फातिमा वास्तविक उम्मीदवार हैं, जिन्हें यूपीएससी ने सिविल सेवा परीक्षा, 2022 के अंतिम परिणाम में 184वां रैंक हासिल करने की सिफारिश की है।
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UPSC CAPF 2022 - फोटो : Social Media
अब कार्रवाई पर विचार कर रहा आयोग
यूपीएससी ने बयान जारी कर कहा कि तुषार और आयशा दोनों ने अपने दावों को साबित करने के लिए अपने पक्ष में फर्जी दस्तावेज तैयार किए हैं। ऐसा करके, आयशा और तुषार दोनों ने भारत सरकार (कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग) की ओर से अधिसूचित सिविल सेवा परीक्षा, 2022 के नियमों के प्रावधानों के उल्लंघन में काम किया है। इसलिए, परीक्षा नियमों के प्रावधानों के अनुसार, यूपीएससी दोनों उम्मीदवारों के खिलाफ उनके धोखाधड़ी के कृत्यों के लिए आपराधिक और अनुशासनात्मक दंडात्मक कार्रवाई पर विचार कर रहा है।
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