Side Effect Of Finger Piercing: बदलते फैशन ट्रेंड्स के बीच आजकल फिंगर पियर्सिंग युवाओं के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। अंगूठी पहनने के पारंपरिक तरीके को हटाकर अब लोग फिंगर पियर्सिंग करवा रहे हैं। ये न सिर्फ देखने में अनोखा लगता है, बल्कि स्टाइल स्टेटमेंट के रूप में भी इसे अपनाया जा रहा है।
ये ट्रेंड जितना आकर्षक दिखता है, उसके पीछे कई तरह के जोखिम और साइड इफेक्ट्स भी छिपे हुए हैं। इसलिए फिंगर पियर्सिंग करवाने से पहले इसके फायदे और नुकसान को समझना बेहद जरूरी है। इस लेख में हम आपको फिंगर पियर्सिंग क्या है, ये कैसे की जाती है और इसके क्या-क्या दुष्प्रभाव हो सकते हैं
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फिंगर पियर्सिंग क्या है?
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फिंगर पियर्सिंग क्या है?
फिंगर पियर्सिंग में लोग त्वचा के बीच में छेद करवाते हैं और उसमें छोटी ज्वेलरी, स्टड या रिंग को फिट कराते हैं। ये आमतौर पर डर्मल पियर्सिंग कहलाता है। ये देखने में ट्रेंडी और अलग लगता है, लेकिन ये फैशन शरीर के लिए सुरक्षित नहीं भी हो सकता। यहां हम आपको इसके साइड इफेक्ट भी बताएंगे, ताकि आप इसके इस्तेमाल से पहले सोच लें।
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इंफेक्शन का खतरा
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इंफेक्शन का खतरा
हाथों की उंगलियों पर गंदगी और बैक्टीरिया जल्दी जमा होते हैं, जिससे पियर्सिंग वाली जगह पर इंफेक्शन का खतरा बहुत ज्यादा रहता है। ऐसे में अगर आप फिंगर पियर्सिंग कराते हैं तो आपको काफी ध्यान देने की जरूरत है।
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जल्दी नहीं भरता घाव
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जल्दी नहीं भरता घाव
फिंगर पियर्सिंग उंगली में किया जाता है, इसलिए इसके घाव को भरने में काफी समय लगता है। ऐसा इसलिए क्योंकि फिंगर का इस्तेमाल दिनभर होता है, जैके कि लिखने, खाने, हाथ धोने में, इसलिए घाव जल्दी भर नहीं पाता। ये आपको बार-बार दर्द का एहसास कराता है।
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कपड़ों में फंसना
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कपड़ों में फंसना
फिंगर पियर्सिंग अक्सर कपड़ों, बालों, बैग या अन्य चीजों में ज्वेलरी फंस जाती है, जिससे छेद वाली जगह पर चोट लग सकती है। इससे आपको बार-बार दिक्कत हो सकती है।
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स्किन रिएक्शन का खतरा
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स्किन रिएक्शन का खतरा
कई बार सस्ते मटेरियल से बने स्टड से स्किन को जलन, खुजली या सूजन हो सकती है। ये स्टड त्वचा के अंदर रहते हैं, ऐसे में अगर इनकी क्वालिटी अच्छी नहीं हुई तो इससे आपकी त्वचा के अंदर इंफेक्शन फैल सकता है।
अगर पियर्सिंग हटानी पड़ी या वो ठीक नहीं हुई, तो उस जगह पर हमेशा के लिए दाग या स्कार रह सकता है। इसलिए अगर आपको इस दाग का खतरा नहीं है, तभी फिंगर पियर्सिंग कराएं।
डिसक्लेमर : इस लेख में दी गई सूचनाएं सामान्य जानकारियों पर आधारित हैं। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला इस लेख में दी गई जानकारी को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। त्वचा संबंधी किसी भी तरह की अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें।