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Arun Govil: 'भगवान राम' बन दर्शकों के दिलों में छाए अरुण गोविल, क्या सासंद बनने के बाद मेरठ में आएगा रामराज्य?

Tue, 04 Jun 2024 07:59 PM IST
आकांक्षा गुप्ता एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

भगवान राम की भूमिका निभाने के बाद अभिनेता को कमर्शियल फिल्मों के ऑफर आने बंद हो गए थे। अरुण गोविल ने एक बार खुद इस बात का खुलासा किया था। सिर्फ इतना ही नहीं कहा जाता है किराम के किरदार के कारण उनका खुलेआम घूमना भी मुश्किल हो गया था। 
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अरुण गोविल - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
रामानंद सागर की 'रामायण' से घर-घर भगवान राम बनकर फेमस हुए अभिनेता अरुण गोविल किसी पहचान के मोहताज नहीं है। अरुण गोविल ने इस बार अपनी राजनीति पारी की भी शुरुआत की है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने अरुण गोविल को मेरठ लोकसभा से टिकट दी। आज, 4 जून को लोकसभा चुनाव के नतीजे सामने आ गए हैं। अभिनेता ने मेरठ से बड़ी जीत हासिल की है। अरुण गोविल अब मेरठ के सासंद बन गए हैं। इस मौके पर चलिए जानते हैं अभिनेता के जीवन और करियर से जुड़ी कुछ खास बातें...
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रामायण- अरुण गोविल - फोटो : सोशल मीडिया
80 के दशक में टीवी पर शुरू हुई रामायण में राम का किरदार निभा चुके अरुण गोविल को देश ही नहीं बल्कि विदेशों में भी लोग जानते हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अरुण गोविल महज 17 साल की उम्र में मायानगरी मुंबई आ गए थे। उन्होंने सपनों के इस शहर में आकर अपना व्यवसाय शुरू किया।  साथ ही उन्हें अभिनय के लिए भी ऑफर मिलने लगे थे। साल 1977 में तारा बड़जात्या की फिल्म ‘पहेली’ में अभिनेता को काम करने का ऑफर मिला। उन्होंने इसी फिल्म से अभिनय की दुनिया में कदम रखा था। 
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अरुण गोविल - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
इसके बाद उन्होंने ‘सावन को आने दो’, ‘सांच को आंच नहीं’, ‘इतनी सी बात’, ‘हिम्मतवाला’, ‘दिलवाला’, ‘हथकड़ी’, और ‘लव-कुश’ जैसी फिल्मों में काम किया। मगर, उन्हें लोकप्रियता रामानंद सागर की 'रामायण' से ही मिली। बताया जाता है कि 1987 में रामानंद सागर ने जब 'रामायण' बनाना शुरू की, तो अरुण गोविल भी इस शो के लिए ऑडिशन देने पहुंच गए। मेकर्स भगवान राम के किरदार के लिए ऑडिशन कर रहे थे। मगर जब अरुण ने ऑडिशन दिया तो उन्हें रिजेक्ट कर दिया गया था।   

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अरुण गोविल - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
अरुण गोविल को इसके बाद दोबारा ऑडिशन के लिए बुलाया गया और इस बार उन्हें भगवान राम की भूमिका के लिए फाइनल कर लिया गया था। इस धारावीहिक से वह देश के घर-घर में भगवान राम बनकर पूजे जाने लगे। आज भी लोग उनमें भगवान राम की छवि देखते हैं। राम का किरदार निभा कर अरुण गोविल ने दर्शकों के दिमाग और मन पर कुछ ऐसी छाप छोड़ी कि दर्शक इनकी तस्वीर की पूजा करने लगे।
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भाजपा प्रत्याशी अरुण गोविल - फोटो : अमर उजाला
भगवान राम की भूमिका निभाने के बाद अभिनेता को कमर्शियल फिल्मों के ऑफर आने बंद हो गए थे। अरुण गोविल ने एक बार खुद इस बात का खुलासा किया था। सिर्फ इतना ही नहीं कहा जाता है किराम के किरदार के कारण उनका खुलेआम घूमना भी मुश्किल हो गया था। वर्क फ्रंट की बात करें तो अरुण गोविल बीते हाल ही में यामी गौतम की फिल्म 'आर्टिकल 370' में नजर आए थे।
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