Sreesanth
- फोटो : twitter
श्रीसंथ आगे कहते हैं कि 'हां, मैं बहुत उत्तेजित था ये बात मैं मानता हूं। मैं बताता हूं कि उस दौरान हुआ क्या था। मैच के बाद मैं हाथ मिलाने के लिए हरभजन सिंह की ओर बढ़ा। दूसरी ओर से हरभजन सिंह हाथ मिलाने की बजाय उल्टे हाथ से जोर से गाल पर मारते हैं। जबकि थप्पड़ सीधे हाथ से मारा जाता है, उसे थप्पड़ कह ही नहीं सकते।'