बॉलीवुड में बेशक आजकल हीरो और हीरोइन का राज है लेकिन कई ऐसे कैरेक्टर एक्टर भी रहे हैं जो हीरो-हीरोइनों पर भारी पड़ते हैं। ऐसे ही एक एक्टर हैं संजय मिश्रा। बहुमुखी प्रतिभा के धनी संजय मिश्रा आज के नामी एक्टर और कॉमेडियन हैं लेकिन एक वक्त ऐसा भी था जब वो एक्टिंग छोड़-छाड़कर ऋषिकेश चले गए थे और एक ढाबे पर काम करने लगे।
विज्ञापन
2 of 5
sanjay mishra
- फोटो : file photo
ये वो वक्त था जब उनके पिता का देहांत हुआ। संजय मिश्रा अपने पिता के बहुत करीब थे। पिता की मौत ने संजय मिश्रा को ऐसा झकझोरा कि वो गुमशुदा हो गए और अकेला महसूस करने लगे। उनका कहीं मन नहीं लग रहा था। उनका मन वापस मुंबई जाने का भी नहीं हुआ और एक्टिंग छोड़ दी। काम छोड़कर संजय मिश्रा और अकेले पड़ गए। वो अकेलापन उन्हें खाए जा रहा था और एक दिन अचानक ही संजय मिश्रा ने घर छोड़ दिया और ऋषिकेश चले गए।
विज्ञापन
3 of 5
Rohit Shetty
- फोटो : file photo
वहां संजय मिश्रा एक ढाबे पर काम करने लगे। संजय सौ से भी ज्यादा फिल्मों में काम कर चुके थे लेकिन इतनी फिल्मों के बाद भी उन्हें वो सफलता नहीं मिली जिसके वो हकदार थे। शायद इसी वजह से ढाबे पर संजय मिश्रा को किसी ने पहचाना भी नहीं। दिन बीतते गए और संजय मिश्रा का वक्त ढाबे पर सब्जी बनाने, आमलेट बनाने में कटने लगा।
4 of 5
sanjay mishra
- फोटो : file photo
संजय मिश्रा अपनी पूरी जिंदगी उस ढाबे पर ही काम करने में निकाल देते अगर रोहित शेट्टी ना होते। रोहित शेट्टी और संजय मिश्रा फिल्म 'गोलमाल' में साथ काम कर चुके थे। वो अपनी अगली फिल्म 'ऑल द बेस्ट' पर काम कर रहे थे और उसी दौरान उन्हें संजय मिश्रा का ख्याल आया। संजय मिश्रा फिल्मों लौटने को तैयार नहीं थे, लेकिन रोहित शेट्टी ने उन्हें मनाया और फिल्म में साइन किया। इसके बाद तो फिर संजय मिश्रा ने पलटकर नहीं देखा।
संजय मिश्रा के पास फिल्मों की बौछार होने लगी और उन्होंने कई हिट फिल्में दीं। संजय मिश्रा ने 'फंस गए रे ओबामा', ' मिस टनकपुर हाजिर हो', 'प्रेम रतन धन पायो','मेरठिया गैंगस्टर्स' और 'दम लगाके हायेशा' जैसी कई हिट फिल्में कीं और अपनी अलग पहचान बनाई। आज हर कोई संजय मिश्रा का फैन है और उनकी एक्टिंग का कायल भी।