अब इस घटना को ऋषि कपूर ने सोशल मीडिया पर उठाते हुए एक ट्वीट किया है जिसमें उन्होंने लोगों से अपील की है कि वह ब्रिटिश एयरलाइंस से सफर न करें। उन्होंने ब्रिटिश एयरलाइंस पर निस्लभेद का आरोप लगाते हुए अपना अनुभव शेयर किया है। उन्होंने जो अपना अनुभव शेयर किया है वह वाकई चौंकाने वाला है। यह तब और हैरान करने वाली बात लगती है जब वह कोई आम नागरिक नहीं हैं।
ऋषि कपूर ने लिखा हैं, 'नस्लभेदी, ब्रिटिश एयरवेज में उड़ान न भरें, हम यह सब बर्दाश्त नहीं कर सकते। बर्लिन में बच्चे के साथ हुई घटना सुनकर बहुत दुख हुआ। मैंने ब्रिटिश एयरवेज से उड़ान भरना बंद कर दिया है। मेरे साथ एक बार नहीं बल्कि दो-दो बार ब्रिटिश एयवेज के केबिन क्रू ने गलत बर्ताव किया जबकि मैं फर्स्ट क्लास पैसेंजर था। जेट एयरवेज या एमिरेट्स से सफर करें, वहां सम्मान है।'
बता दें कि ऋषि कपूर ने जिस घटना का जिक्र करते हुए अपनी भड़ास निकाली है वह 23 जुलाई 2018 का है। दरअसल एक भारतीय परिवार ब्रिटिश एयरलाइंस से लंदन-बर्लिन फ्लाइट में सफर कर रहा था। इस बीच उनका तीन साल का बच्चा फ्लाइट में रोने लगा। इसके बाद फ्लाइट में मौजूद क्रू मेंमबर्स उन्हें फ्लाइट से उतरने को कह दिया। बच्चे के पिता 1984 बैच के इंडियन इंजीनियरिंग सर्विसेज के अफसर एके पाठक हैं। अभी उनकी पोस्टिंग रोड ट्रांसपोर्ट मिनिस्ट्री में है। एके पाठक ने एयरलाइन के इस बर्ताव को 'रेशियल बिहेवियर' बताया था।
इस घटना के बाद ब्रिटिश एयरवेज हरकत में आया और अपनी सफाई दी है। एयरलाइंस के प्रवक्ता ने अपने बयान में कहा है कि हम ऐसे आरोपों की गंभीरता से जांच करेंगे और किसी भी प्रकार के पक्षपात को ब्रिटिश एयरवेज बर्दाश्त नहीं करेगी। मामले की जांच शुरू कर दी है और भारतीय परिवार के संपर्क में भी हैं।