विवाद और उनका साथ हमेशा चोली-दामन का रहा है। कभी 'रंग' को लेकर उन्हें आड़े हाथों लिया गया तो कभी 'नाम' के बहाने निशाने साधने की कोशिश की गई। अनुमान यूं भी लगाए जाने लगे कि 'रंग' और 'नाम' शायद उनका 'नाम-ओ-निशां' (बायकॉट) न मिटा दें, लेकिन वह ठहरे बादशाह तो वापसी भी तय ही थी। शायद यही वजह है कि बेशरम रंग विवाद और पठान बायकॉट के बीच शाहरुख ने अपने ही अंदाज में ट्रोल्स को जवाब दे दिया। आखिर एसआरके ने क्या किया और क्या कर दिखाया, जानते हैं इस रिपोर्ट में...