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Writers’ Strike: मुंबई तक पहुंचा हॉलीवुड लेखकों की हड़ताल का असर, एसडब्लूए ने जारी की अपील

Fri, 05 May 2023 04:28 PM IST
साक्षी पांडेय अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
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हड़ताल - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई
हिंदी सिनेमा में लेखकों की भूमिका शुरू से ही हाशिये पर रही है। उनके सम्मान और अधिकार को लेकर बातें तो होती रहती है, लेकिन शुरू से ही इसे अनदेखा ही किया गया। उधर अपने अधिकारों को लेकर हॉलीवुड के राइटर्स गिल्ड ऑफ अमेरिका (डब्ल्यूजीए) के सदस्य हड़ताल पर चले गए। इस संस्था का कोई भी सदस्य किसी भी स्टूडियो, निर्माता, ओटीटी प्लेटफार्म और टीवी के लिए स्क्रिप्ट नहीं लिखेगा। राइटर्स गिल्ड ऑफ अमेरिका ने भारत में स्क्रीन राइटर एसोसिएशन (एसडब्लूए) को पत्र लिखकर उनके इस हड़ताल में सहयोग करने की मांग की है।
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स्क्रीन राइटर्स एसोसिएशन - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई
राइटर्स गिल्ड ऑफ अमेरिका के 98 प्रतिशत सदस्यों ने हड़ताल के समर्थन में मतदान किया है। हड़ताल का कारण यह है कि डब्ल्यूजीए ने एसोसिएशन ऑफ मोशन पिक्चर एंड टेलीविजन प्रोड्यूसर्स (एएमपीटीपी) के साथ मिनिमम बेसिक एग्रीमेंट को रिन्यू करने के लिए बातचीत की, जो नेटफ्लिक्स, अमेजन, डिज्नी, एपल, फॉक्स आदि सहित 350 से अधिक स्टूडियो और नेटवर्क का प्रतिनिधित्व करता है। इस मामले में एएमपीटीपी का तर्क है कि यह उद्योग के लिए एक अस्थिर समय है और वे डब्ल्यूजीए की मांगों को नकार कर मनोरंजन व्यवसाय के दीर्घकालिक स्वास्थ्य की रक्षा कर रहे हैं।
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जमा हबीब - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई
इधर, मुंबई में स्क्रीन राइटर्स एसोसिएशन (एसडब्लूए) के जनरल सेक्रेटरी जमा हबीब ने एक बयान जारी कर कहा है कि हमारी संस्था के 11500 सदस्य पूरी एकजुटता से राइटर्स गिल्ड ऑफ अमेरिका (डब्ल्यूजीए) के साथ खड़े हैं। हमने यूएस शो और फिल्मों के लिए लिखने वाले अपने  सदस्यों को काम बंद करने के लिए अपील की है। हमारे सदस्य एएमपीटीपी से संबद्ध यूएस निर्माता से किसी भी नए लेखन कार्य को स्वीकार न करें, ऐसी हमारी कोशिश होगी। अगर डब्ल्यूजीए की हड़ताल सफल होती है, तो यह एक मिसाल कायम करके हमारे प्रयासों में मदद करती है।' 

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जमा हबीब - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई

जानकारी के मुताबिक भारतीय फिल्म, टीवी और ओटीटी लेखकों के सामने चुनौतियां और भी विकट हैं। अनुचित अनुबंध, कोई क्रेडिट गारंटी नहीं, कम फीस जैसे तमाम मुद्दे सामने आते हैं। कुछ स्टूडियो विवादों के मामले में लेखकों को एसडब्ल्यूए के पास जाने से रोकने की कोशिश भी करते हैं, भले ही यह उनका संवैधानिक अधिकार है कि वे किसी के संघ से निवारण चाहते हैं। जमा हबीब कहते हैं, 'हम सभी लेखक उस अपमानजनक अनुभव से थक चुके हैं, जिसका हम अनुबंध वार्ताओं के दौरान सामना करते हैं। इसे बदलने के लिए एक गंभीर प्रयास के तहत एसडब्लूए प्रोडक्शन हाउस और स्टूडियो के साथ निष्पक्ष मानकीकृत खंडों पर बातचीत शुरू करने की प्रक्रिया में है।’

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जमा हबीब - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो , मुंबई

राइटर्स गिल्ड ऑफ अमेरिका वेस्ट और ईस्ट के सदस्यों ने अपने अधिकारों को लेकर मंगलवार 2 मई को  प्रभावी रूप से हड़ताल का आह्वान करने के लिए सर्वसम्मति से मतदान किया है। एलायंस ऑफ मोशन पिक्चर एंड टेलीविजन प्रोड्यूसर्स की छत्रछाया में चल रहे नेटफ्लिक्स, अमेजन, डिज्नी, ऐप्पल, फॉक्स, पैरामाउंट और सोनी  के साथ छह सप्ताह की बातचीत के बाद यह निर्णय लिया गया।

 

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