मराठी फिल्म ‘हर हर महादेव’ इन दिनों लगातार विवाद बाद में बनी हुई है। दरअसल, फिल्म के मेकर्स पर आरोप है कि उन्होंने फिल्म में तथ्यों के साथ छेड़छाड़ की है। साथ ही कई संगठनों ने मेकर्स पर यह भी आरोप लगाया है कि फिल्म में छत्रपति शिवाजी की छवि को सही तरीके से दर्शकों के सामने नहीं दिखाया गया है। ऐसे में संबंधित समुदाय के लोग लगातार फिल्म के खिलाफ अपना विरोध दर्ज करा रहे हैं। इतना ही नहीं बीते दिनों फिल्म देखने गए दर्शकों के साथ मारपीट करने तक की घटना भी सामने आई थी। इसी बीच अब पूरे मामले पर फिल्म के मेकर्स ने एक बयान जारी करते हुए हिंसा करने वालों की निंदा की है।
ट्विटर पर जारी किए गए इस बयान में मेकर्स ने यह भी साफ किया कि उनकी मंशा किसी की भी छवि धूमिल करने या तथ्यों से छेड़छाड़ करने की नहीं थी। उन्होंने कहा कि हम मानते हैं कि जो भी दर्शक हमारी फिल्म को देखेंगे वह सही तरीके से छत्रपति शिवाजी महाराज को समझ पाएंगे। हम फिल्म देखने गए दर्शकों के साथ हुई मारपीट की कड़ी निंदा करते हैं। हमें कानून व्यवस्था पर पूर्ण विश्वास है। बता दें कि फिल्म की रिलीज होने के बाद से ही इसके खिलाफ लगातार विरोध प्रदर्शन जारी है।
Pawan Singh-Jyoti: पत्नी ज्योति ने दी पवन सिंह की पोल खोलने की धमकी? यूजर्स बोले- हो सके तो शादी बचा लीजिए
गौरतलब है कि बीते दिनों फिल्म की स्क्रीनिंग रोकने और सिनेमा घरों में दर्शकों के साथ मारपीट की गई। इस सिलसिले में बीते दिनों राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता और महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री जितेंद्र आव्हाड समेत करीब 100 लोगों के खिलाफ ठाणे पुलिस ने मामला भी दर्ज किया है। फिल्म की बात करें तो यह फिल्म शिवाजी महाराज के सेनापति बाजी प्रभु देशपांडे पर आधारित है, जिसे दर्शकों और फिल्म क्रिटिक्स दोनों की तरफ से काफी अच्छी प्रतिक्रिया मिल रही है।
Har Har Mahadev: दूसरे दिन भी फिल्म का विरोध जारी, दर्शकों से बदसलूकी पर पूर्व मंत्री आव्हाड के खिलाफ केस दर्ज