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मंदिर में ऐसे कपड़े पहनकर पहुंच गए 'शिवभक्त' अजय देवगन, सोशल मीडिया पर लोगों ने लगा दी क्लास

Thu, 01 Aug 2019 04:03 PM IST
Mishra Mishra एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
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Ajay Devgn - फोटो : social media
बॉलीवुड एक्टर अजय देवगन अपनी बेहतरीन अदाकारी और एक्शन के लिए जाने जाते हैं। उनकी फिल्मों में कई बार भगवान शिव की छवि दिखाई दे चुकी है। सिंघम, सन ऑफ सरदार, ऑल द बेस्ट और गोलमाल जैसी फिल्मों में उनके सीने पर पर भगवान शिव का टैटू दिखाई दे चुका है। उनकी एक फिल्म का नाम भी शिवाय था। लेकिन हाल में जब अजय भगवान शिव के मंदिर में पूजा-अर्चना करने पहुंचे तो लोगों ने उन्हें ट्रोल करना शुरू कर दिया।
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Ajay Devgn - फोटो : file photo
अजय देवगन ने अपनी फिल्म भुज: द प्राइड इंडिया की शूटिंग मांडवी में शुरू कर दी है। फिल्म का एक गाना भी शूट किया जा चुका है। इस दौरान अजय श्री नागनाथ महादेव मंदिर में दर्शन करने पहुंचे थे जिसकी कुछ तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं। लेकिन अजय जिस गेटअप में दर्शन करने पहुंचे थे वो कुछ यूजर्स को पसंद नहीं आया।
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Ajay Devgn - फोटो : Amar Ujala, Mumbai
दरअसल अजय देवगन मंदिर में शॉर्ट्स पहनकर पहुंचे थे, बस यही बात कुछ यूजर्स को बुरी लग गई और उन्होंने एक्टर को ट्रोल करना शुरू कर दिया। यूजर्स ने अजय देवगन को सलाह देना शुरू कर दिया कि शॉर्ट्स जैसे कपड़े मंदिर जाने के लिए सही नहीं हैं।
 

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Ajay Devgn - फोटो : social media
बॉलीवुड हंगामा की एक रिपोर्ट के मुताबिक, 'छुट्टी का दिन था और अजय रिलैक्स कर रहे थे। जब कोई पूजा करता है तो वह उसका व्यक्तिगत और निजी काम होता है, इसलिए वह सोशल मीडिया पर तस्वीरें पोस्ट करने में सहज नहीं हो सकते थे। अजय एक अच्छे इंसान हैं। वह कभी भी जाने-अनजाने में इन सब चीजों के खिलाफ नहीं जा सकते हैं।'
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ajay devgn
बीते दिनों अजय देवगन ने मीटू को लेकर एक बयान दिया था जिसकी वजह से उनकी काफी आलोचना हुई थी। अजय देवगन से पूछा गया कि वह #MeToo मूवमेंट में फंसे लोगों के साथ काम करना चाहेंगे या नहीं.? तो इस बात का उन्होंने बड़े ही अलग अंदाज में जवाब दिया है। अजय देवगन ने कहा कि, 'आरोप लगने और दोषी साबित होने में फर्क होता है। उन लोगों के साथ काम नहीं करना चाहिए जिन पर आरोप साबित हो चुके हैं, लेकिन जो आरोपी नहीं हैं उनके साथ हम गलत नहीं कर सकते। उनके परिवार के बारे में क्या? मैं एक आरोपी को जानता हूं जिनकी बेटी बहुत परेशान थी, उसने खाना- पीना और स्कूल जाना छोड़ दिया था।'
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