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Abhishek Bachchan: ओपनिंग के मामले में 20 साल पीछे गए अभिषेक बच्चन, ‘फिर मिलेंगे’ से भी खराब रहा कलेक्शन

Sat, 23 Nov 2024 12:51 PM IST
ज्योति राघव अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
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आई वॉन्ट टू टॉक - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
‘जिसका डर था बेदर्दी वही बात हो गई’, गाना बहुत पुराना लेकिन अब भी असरदार है। खासतौर से जब मामला बच्चन परिवार का हो। अमिताभ बच्चन बीते कई दिन से अपने बेटे अभिषेक की फिल्म ‘आई वॉन्ट टू टॉक’ की सोशल मीडिया पर तारफें कर रहे हैं। लेकिन, उनकी ट्वीट ब्रांडिंग के कारोबार की अब सबको खबर है लिहाजा उनकी ट्वीट का असर भी अब पहले जैसा रहा नहीं। पिता के लाख प्रचार के बाद बेटे अभिषेक बच्चन की फिल्म देखने लोग गए ही नहीं और जाते भी कैसे, आम आदमी को तो पता तक नहीं कि ऐसी कोई फिल्म रिलीज भी हुई है।
 
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आई वांट टू टॉक - फोटो : सोशल मीडिया
गुमनाम ही रही अभिषेक की फिल्म
यहां गोवा में सिनेमा का सबसे बड़ा मेला लगा है। और, जहां ये मेला है, वहां से फिल्म ‘आई वॉन्ट टू टॉक’ की कमी दूर लगी है। फिल्म फेस्टिवल में एक इंसान ऐसा नहीं मिला जो इस फिल्म को साथ देखने जाने की हिम्मत जुटा सके। सब बस एक दूसरे से पूछते रहे कि फिल्म कैसी है, देखी क्या, मुंबई में प्रेस शो हुआ क्या? पता चला कि फिल्म बस उन्हीं लोगों को दिखाई गई जिनके बारे में तय था कि वे इसकी तारीफ ही करेंगे और इस तारीफ को सोशल मीडिया पर लिखने के बाद फिल्म के सितारों का इंटरव्यू करने की अनुमति पाएंगे। इसमें कितना सच है और कितनी अफवाह, ये तो पता नहीं लेकिन हां इंटरव्यू करने से पहले फिल्म देखना शर्त रही, इसकी पुष्टि हो चुकी है।
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'आई वांट टू टॉक' - फोटो : सोशल मीडिया
डार्क ड्रामा वाली अभिषेक की फिल्म
खैर, लौटते हैं फिल्म ‘आई वॉन्ट टू टॉक’ की तरफ। निर्देशक सुजीत सरकार या शूजित सरकार ने अपने एक करीबी दोस्त की जिंदगी पर ये फिल्म बनाई है, ऐसा कहा जा रहा है। अभिषेक बच्चन से पहले वह वरुण धवन को लेकर ‘अक्तूबर’ और इरफान खान, अमिताभ बच्चन और दीपिका पादुकोण को लेकर ‘पीकू’ बना चुके हैं। तीनों फिल्मों का एक जैसा गुणसूत्र ये है कि यहां जिंदगी की डोर मौत के हाथ में तयशुदा तौर पर है। सबकी होती है। लेकिन, शूजित सरकार इसमें बीमारियों, अस्पतालों और चिकित्सकों की गंध समेट लाते हैं। दर्शक मनोरंजन करने जाता है, भीतर भीतर सुबकता लौटता है। पंजिम के मोईजुद्दीन कहते हैं, ये ‘शूबाइट’ अब हर बार होने लगा है।

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अमिताभ बच्चन-अभिषेक बच्चन - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
‘फेक’ तारीफों वाली अभिषेक की फिल्म
फिल्म ‘आई वॉन्ट टू टॉक’ की पहले दिन की कमाई पर फिल्म ट्रेड बात नहीं कर रहा है। वे लोग भी नहीं जिन्होंने फिल्म की तारीफ में सोशल मीडिया पर खूब कसीदे गढ़े। मुंबई में फिल्मों का प्रचार एक ऐसी अंधी गली में उतर चुका है, जहां निर्माता-निर्देशक को अपनी हर कोशिश पर तालियां बजाने वाले ही अपने चारों तरफ चाहिए। अमिताभ बच्चन का शो ‘कौन बनेगा करोड़पति’ दिखा-दिखाकर भी सोनी चैनल की टीआरपी जहां की तहां अटकी है। टॉप 5 चैनलों में तो छोड़िए, टॉप 10 में भी अब इसकी गिनती नहीं होती।
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अभिषेक बच्चन - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
ब्रांड वैल्यू जीरो कर देने वाली अभिषेक की फिल्म
अभिषेक बच्चन की निजी जिंदगी में जो भी जद्दोजहद जारी है, उसकी तरफ अमिताभ बच्चन अपने ब्लॉग में लिख चुके हैं कि बिना कन्फर्म किए किसी को कुछ नहीं लिखना है। लेकिन, ये तो लिखा ही जा सकता है कि रिलीज के दिन 10 लाख रुपये से ज्यादा कमाने वाली अभिषेक बच्चन की फिल्मों की सबसे कम ओपनिंग का रिकॉर्ड अब फिल्म ‘आई वॉन्ट टू टॉक’ के ही नाम है। वैसे तो फिल्म ‘ढाई अक्षर प्रेम के’ ने साल 2000 में इतने भी नहीं कमाए थे। फिल्म ‘आई वॉन्ट टू टॉक’ ने बॉक्स ऑफिस के आंकड़े बताने वाली वेबसाइट सैकनिल्क के मुताबिक सिर्फ 25 लाख रुपये कमाए हैं। फिल्म का बजट करीब 40 करोड़ रुपये बताया जाता है।
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तेरा जादू चल गया - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
एक करोड़ से कम कमाने वाली अभिषेक की फिल्म
फिल्म ‘आई वॉन्ट टू टॉक’ से पहले अभिषेक बच्चन की एक करोड़ रुपये से कम की ओपनिंग लेने वाली 10 फिल्मों के नाम इस प्रकार हैं: 
 
फिल्म पहले दिन की कमाई (लाख रुपये में)
हां मैंने भी प्यार किया (2002) 96
तेरा जादू चल गया (2000) 95
घूमर (2023) 80
ओम जय जगदीश (2002) 79
रन (2004)  76
कुछ ना कहो (2003) 71
मुंबई से आया मेरा दोस्त (2003) 52
नाच (2004) 42
बस इतना सा ख्वाब है (2001) 42
फिर मिलेंगे (2004)  27

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