गौरतलब है कि मंजूर डार का क्रिकेट का सफर काफी चुनौतीपूर्ण रहा है। अपने शुरुआती संघर्ष के बारे में उन्होंने बताया, 'मैंने वर्ष 2008 से 2012 तक गार्ड के रूप में नाइट में ड्यूटी की। इस दौरान क्रिकेट खेलना भी जारी रखा और क्लब क्रिकेट में अच्छे प्रदर्शन के कारण मुझे शोहरत मिली।