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नौसेना की पहली महिला पायलट बनी UP की बेटी, जानिए उसके बारे में सबकुछ

Fri, 24 Nov 2017 11:50 AM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला
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शुभांगी अपने दादा और दादी के साथ - फोटो : अमर उजाला
शुभांगी स्वरूप ने नौसेना की पहली महिला पायलट बनकर देश के साथ शाहजहांपुर का नाम भी रोशन कर दिया। नगर के मोहल्ला कुंवरगंज में रहने वाले सेवानिवृत सब पोस्टमास्टर रमेश चंद्र गुप्ता के घर जैसे ही यह खबर आई कि उनकी पोती शुभांगी नौसेना की पहली महिला पायलट बन गई है तो उनके चेहरे की चमक दोगुनी हो गई। उन्हें पहले से ही आभास था कि उनकी पोती एक न एक दिन जरूर कुछ ऐसा करेगी जिससे देश का नाम रोशन होगा और उसने यह करके दिखा भी दिया। वह कहती भी थी कि मेरी तमन्ना आसमां छूने की है और उसने आज आसमां छू भी लिया।
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अपने पिता के साथ शुभांगी स्वरूप - फोटो : अमर उजाला
शुभांगी अभी कुछ दिन पहले ही कुंवरगंज के अपने पैतृक घर आईं थीं और दादा-दादी का आशीर्वाद लेकर गईं थीं। उनके दादा रमेश चंद्र कहते हैं कि बेटा तो पहले से ही नेवी में बतौर कमांडर देश की सेवा कर रहा है, अब पोती भी करेगी जो किसी के लिए भी गर्व की बात है। मोहल्ले वाले भी उनकी इस खुशी में शरीक हैं। मिठाइयां खिलाकर एक-दूसरे को बधाई दी जा रही है। लोगों का कहना है कि नगर की बेटी ने नेवी में बतौर प्रथम महिला पायलट शामिल होकर इतिहास रच दिया है जिस पर सभी को गर्व है।
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शुभांगी स्वरूप - फोटो : अमर उजाला
 शुभांगी के पिता ज्ञान स्वरूप भारतीय नौसेना (नेवी) में बतौर कमांडर के पद पर देश को अपनी सेवा दे रहे हैं। उनकी इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए बेटी शुभांगी ने नेवी में बतौर प्रथम महिला पायलट परमानेंट कमीशन के साथ प्रवेश कर अपनी मां कल्पना स्वरूप और पिता ज्ञानस्वरूप सहित परिवार को खुशी और गर्व के क्षण दिए हैं। 

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Shubhangi Swaroop - फोटो : social media
सेवानिवृत सब पोस्ट मास्टर रमेश चंद्र गुप्ता और उनकी पत्नी निर्मला देवी अपनी पोती शुभांगी के पायलट बनने के बाद अब जल्द उससे मिलने जाएंगे। यहां तिलहर में अपने निवास पर मिले शुभांगी स्वरूप के ताऊ सत्य स्वरूप गुप्ता ने बताया कि उनके छोटे भाई ज्ञानस्वरूप वर्ष 1986 में ही नेवी में चले गए थे। 
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शुभांगी
शुभांगी की शिक्षा-दीक्षा नौकरी के दौरान ही विभिन्न स्थानों पर हुई। छुट्टी के दिनों में शुभांगी का तिलहर आना-जाना रहा अभी कुछ महीने पहले ही वह तिलहर आई थीं। सत्य स्वरूप ने बताया कि शुभांगी का छोटा भाई शुभम है जो अभी पढ़ाई कर रहा है। उन्होंने बताया कि शुभांगी के पायलट बनने पर उन्हें बेहद खुशी और गर्व महसूस हो रहा है।
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