इंटेलीजेंस ब्यूरो (आईबी) के इनपुट पर सक्रिय हुई यूपी एटीएस ने रिमांड पर लिए चारों नक्सलियों से गहन पूछताछ की। इसमें नक्सलियों का आतंकवादी कनेक्शन सामने आया है।
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- फोटो : राजन राय
टीएस के अधिकारी का दावा है कि आरोपी दिल्ली-एनसीआर में पांव पसारने के बाद रुपयों के लिए दो बड़े आतंकवादी संगठनों को हथियार व विस्फोटक पदार्थ सप्लाई करने वाले थे, लेकिन उससे पूर्व नक्सलियों के मंसूबों पर एटीएस ने पानी फेर दिया और अंतरराष्ट्रीय स्तर की बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया।
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यूपी एटीएस के डीएसपी डा. अनूप कुमार ने बताया कि नक्सलियों से पूछताछ के दौरान आतंकवादी कनेक्शन पाए गए हैं। अपहरण, लूट, उगाही, रंगदारी आदि के बाद जब इन नक्सलियों के पांव दिल्ली-एनसीआर में जम जाते तो वह यहां से आतंकवादी संगठनों को हथियार व विस्फोटक पदार्थ सप्लाई करके एवज में आतंकवादी संगठनों से मोटी रकम वसूले जाने की साजिश थी।
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इन नक्सलियों के लिंक बिहार, यूपी के चंदौली व अन्य जिलों में हैं। इनकी इतनी मजबूत पकड़ है कि वहां से यह भारी खेप में हथियारों का सौदा करके आतंकवादी को आसानी से उपलब्ध करा देते।
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यह भी पता चला है कि बिहार में सुनील रविदास की बहन की शादी हुई है। सुनील बिहार के सहरसा व अन्य स्थानों पर बहन से मिलने के बहाने जाता था। उसका धीरे-धीरे वहां के नक्सलियों से मेल मिलाप हुआ।
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इसके बाद उसने बिहार के जंगलों में जाकर नक्सलियों के साथ मिलकर पर्चे बांटने का काम करना शुरू कर दिया।
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शुरुआती दौर में लाठी को हथियार बनाकर सुनील रविदास ईंट भट्टा मालिकों को धमकाता था और उनकी पिटाई करके रंगदारी वसूलता था। लाठी से वह एके-47 तक पहुंच गया और नक्सलियों के साथ मिल गया।
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एटीएस नोएडा के इनपुट पर बिहार से दबोचे दो नक्सली
एटीएस के डीएसपी डा. अनूप कुमार ने बताया कि फिलहाल रंजीत पासवान, कृष्णा कुमार, पवन कुमार झा और आशीष सारस्वत रिमांड पर लिए गए हैं। इनसे पूछताछ में पता चला है कि दो नक्सली साथी बिहार के रोहतास निवासी धर्मवीर और सिपाही मौजूद हैं।
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इसके बाद सिपाही और धर्मवीर को गिरफ्तार करने के लिए वाराणसी एटीएस को इनपुट दिया गया जिसके आधार पर बुधवार देर रात दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया। यह नक्सली एमसीसी (माओवादी कम्युनिस्ट सेंटर) और टीपीसी (तृतीया प्रस्तुति कमेटी) संगठन के सक्रिय सदस्य हैं।
दोनों को बृहस्पतिवार को गौतमबुद्ध नगर जिला कोर्ट में पेश किया गया जिसके बाद दोनों को लुक्सर जेल भेज दिया गया। सिपाही व धर्मवीर को भी रिमांड पर लेने के लिए कोर्ट में अर्जी लगाई जाएगी। वहीं, बुधवार की तरह बृहस्पतिवार को भी एनआईए, बीएसएफ व आईबी के आला अधिकारियों ने रिमांड पर लिए गए चारों नक्सलियों से गहन पूछताछ की है।