पलवल में विस्फोटक बम रखने की आरोपी आरती उर्फ लक्ष्मी ने खुद के कातिल बनने व बम लाने का आरोप सिस्टम पर मढ़ा है। आरती का कहना है कि अगर उसकी सुनवाई हो जाती तो ना तो उसके हाथों कत्ल होता व ना ही वह बम लाने जैसा कदम उठाती। फिलहाल गांव गुलाबद में बुजुर्ग की हत्या करने व बम लाने के आरोप में आरती पुलिस रिमांड पर है।
विज्ञापन
2 of 5
bomb
- फोटो : अमर उजाला
यूपी के हाथरस निवासी आरती उर्फ लक्ष्मी को होडल सीआईए ने हसनपुर थाना क्षेत्र के गांव गुलाबद के 65 वर्षीय बाबूलाल की हत्या के मामले में रविवार को उसके गैंगस्टर साथी प्रदीप उर्फ दारोगा के साथ गिरफ्तार किया था।
विज्ञापन
3 of 5
bomb
- फोटो : अमर उजाला
प्रारंभिक पूछताछ में उसने कहा था कि क्योंकि बाबूलाल ने उसके प्रेमी को उससे जुदा कर दिया था, जिसके प्रतिशोध में उसने बाबूलाल की हत्या कर दी। हालांकि बाद में उसकी निशानदेही पर पलवल कैंप थाना पुलिस ने इस्लामाबाद से तीन जिंदा बम भी बरामद किए।
4 of 5
bomb
आरती पहले भी आपराधिक मामलों में लिप्त रही है, यूपी में वह हत्या के मामलों में बरी हो गई थी। लेकिन अब हत्या व बम रखने को वह सिस्टम की कमी बता रही है। आरती ने पुलिस पूछताछ में यह भी कबूल किया कि उसके पांच-छह लोगों से प्रेम संबंध रहे हैं, लेकिन वह कहती है कि राकेश के साथ बिताए छह सालों को वह भूल नहीं पाई थी।
राकेश व उसे बाबूलाल ने जुदा कर दिया था। वह कहती है कि उसने इस बात की शिकायत पलवल महिला थाना पुलिस को भी दी व पुलिस के आला अधिकारियों से भी फरियाद की। लेकिन कहीं भी उसकी सुनवाई नहीं हुई तो उसने प्रतिशोध की आग में जलते हुए बाबूलाल की हत्या कर दी व राकेश के घर को राकेश सहित उड़ाने के लिए बम ले आई।