चमोली में हादसा
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यदि बलाण गांव के आसपास संचार की सुविधा होती तो तत्परता दिखाते हुए घायलों को समय पर अस्पताल ले जाया जा सकता था, लेकिन नेटवर्क की सुविधा नहीं होने से राहत एवं बचाव कार्य में काफी देरी हुई। एक घायल ने तो अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में दम तोड़ दिया।