शायद इस बार पुलिस का पाला शातिर लुटेरों से पड़ा है। लुटेरों का दुस्साहस हैरान करने वाला है। बदमाशों ने खूब दिमाग चलाकर पुलिस को गली-गली दौड़ने को मजबूर कर दिया। लुटेरे कई ऐसी गलियों से होकर गुजरे, जो पुलिस ने कभी देखी ही नहीं। बदमाशों ने गली-गली घूमने का ऐसा जाल बुना कि पुलिस उसमें उलझकर रह गई। थक-हारकर अधिकारी यह कहने को मजबूर हैं कि लूट में शामिल बदमाशों की सोच पुलिस से एक कदम आगे है।