ज्योतिषियों का कहना है कि निशिथ व्यापिनी युक्त चतुर्दशी को महाशिवरात्रि का पूजन किया जाना शास्त्र सम्मत है। ऐसे में इस बार चार मार्च को महाशिवरात्रि सोमवार को श्रवण नक्षत्र और सर्वार्थ सिद्धि योग के दुर्लभ संयोग में आने से विशेष कल्याणकारी मानी जा रही है। इस साल सोमवार को शाम 4.30 बजे से चतुर्दशी तिथि लग रही है, जो पांच मार्च को शाम छह बजे तक रहेगी।