इयोन मोर्गन
इंग्लैंड खेमा अभ्यास के लिए स्पिन गेंदबाजी मशीन 'मर्लिन' का इस्तेमाल करेगा, क्योंकि उसके पास अभ्यास की खातिर कलाई के स्पिन गेंदबाज नहीं हैं। इससे पहले 2005 एशेज से पहले इंग्लैंड ने इस मशीन का इस्तेमाल किया था जब ऑस्ट्रेलिया के पास शेन वार्न जैसा स्पिनर था। इंग्लैंड के शीर्षक्रम ने तेज आक्रमण को बखूबी झेला था जो भारत के लिए चिंता का सबब है।