मोहाली की निजी यूनिवर्सिटी में छात्राओं के अश्लील वीडियो वायरल होने का मामला पुलिस की प्राथमिक जांच में पलट गया। मोहाली के एसएसपी विवेकशील सोनी के अनुसार, प्राथमिक जांच में सामने आया है कि आरोपी लड़की ने सिर्फ अपना ही अश्लील वीडियो भेजा था। किसी और लड़की का कोई वीडियो नहीं बनाया गया है। अभी तक की जांच में हमें पता चला है कि आरोपी का सिर्फ एक ही वीडियो है। उसने किसी और का कोई अन्य वीडियो रिकॉर्ड नहीं किया है। इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और मोबाइल फोन को जब्त कर लिया गया है और फोरेंसिक जांच के लिए भेजा जाएगा। हालांकि पूरे मामले की जांच जारी है।
रोपड़ रेंज के डीआईजी गुरप्रीत भुल्लर ने कहा कि प्रारंभिक जांच में पता चला है कि एक छात्रा ने वीडियो बनाया था। एसएसपी मोहाली मामले की गहन जांच कर रहे हैं। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। छात्रों और उनके अभिभावकों से शांति बनाए रखने की अपील है।
पूरे मामले में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने भी बयान जारी किया है। यूनिवर्सिटी के अनुसार, अन्य छात्राओं के आपत्तिजनक वीडियो शूट करने की बात पूरी तरह से झूठी और निराधार हैं। किसी भी छात्र का कोई वीडियो आपत्तिजनक नहीं मिला, सिवाय एक लड़की द्वारा शूट किए गए एक निजी वीडियो के, जिसे उसके प्रेमी के साथ साझा किया गया था। वहीं अफवाहें हैं कि 7 लड़कियों ने आत्महत्या कर ली है जबकि सच्चाई यह है कि किसी भी लड़की ने ऐसा कोई कदम उठाने की कोशिश नहीं की है। घटना में किसी लड़की को अस्पताल में भर्ती नहीं कराया गया है।