मां ऐसी भी होती है देखिए, 3 साल के मासूम बेटे को गोद में बिठाकर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी। तस्वीरें देख नहीं पाओगे...
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मां और बेटा जिंदा जले
घटना हरियाणा के अंबाला की है। मुलाना के धीन गांव स्थित लोगड़ियों की माजरी के पास सैनियों के डेरे में सोमवार को पति से कलह के चलते 30 वर्षीय महिला ने तीन साल के मासूम को अपने गोद में बैठाकर पेट्रोल छिड़कर आग लगा ली। महिला अंजना और तीन साल के यतिन जिंदा जल गए। घटना के समय पति कोर्ट गया था। जबकि अन्य परिजन भी नहीं थे।
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जानकारी के मुताबिक, मैक्सी कैब चालक दिनेश कुमार ने साल 2012 में हिमाचल के नाहन के पास स्थित गांव कोलर निवासी अंजना से प्रेम विवाह किया था। शादी के कुछ समय बाद ही दोनों में कलह रहने लगी। करीब 20 दिन पहले हुए झगड़े के बाद अंजना ने पति के खिलाफ पुलिस को शिकायत दी थी। सोमवार को इसी मामले में पति दिनेश कुमार एसडीएम कोर्ट गया था।
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बताया जा रहा है कि मामले को लेकर सुबह दोनों में बहस हुई थी। इसी रोष में महिला ने आत्मघाती कदम उठा लिया। अंजना ने करीब 20 दिन पहले पति से झगड़े की शिकायत मुलाना थाने में दी थी। हालांकि दिनेश के खिलाफ कोई मामला दर्ज नहीं हुआ था। मामले को लेकर एसडीएम कोर्ट में भी सुनवाई चल रही थी। दिनेश ने बताया कि वह सुनवाई के लिए बराड़ा एसडीएम कोर्ट गया था। इसी बात को लेकर दोनों में सुबह बहस हुई थी।
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बाद में दिनेश को पता चला कि पत्नी अंजना ने बेटे यतिन को गोद में बैठाकर आग लगा ली है। पुलिस दोनों को एमएम मेडिकल कॉलेज में इलाज के लिए ले गई है। दिनेश ने बताया कि वह और उसके पिता जगदीश अस्पताल पहुंचे तो अंजना और यतिन की मौत हो चुकी थी। घटना के दौरान कमरे से धुआं उठता देख जेठानी संगीता देवी और पड़ोस में रहने वाली किशोरी पायल कमरे में पहुंचीं।
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यहां उन्होंने देखा कि अंजना और यतिन बुरी तरह से तड़प रहे हैं। दोनों ने आग बुझाने का प्रयास किया। इस दौरान दोनों झुलस भी गईं। जानकारी मिलने पर पड़ोसी भी पहुंचे। तब तक अंजना और यतिन बुरी तरह जल चुके थे। घटना के समय महिला का पति एसडीएम कोर्ट बराड़ा में गया हुआ था, जबकि अन्य परिजन मौजूद नहीं थे। पुलिस ने महिला और उसके बच्चे को एमएम मेडिकल कॉलेज मुलाना में दाखिल कराया, जहां दोनों को मृत घोषित कर दिया।
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चीख पुकार सुन दौड़ी पायल, बचाव में हाथ झुलसे
पड़ोस में रहने वाली किशोरी पायल ने अंजना के घर जब चीख पुकार सुनी तो वह दौड़ी। अस्पताल में उपचाराधीन पायल ने बताया कि जैसे ही वह घर में दाखिल हुई तो अंजना व उसका बेटा आग में जल रहे थे। यह देख पहले तो सहम गई, मगर उसने हिम्मत नहीं हारी और पानी, कपड़ों से आग बुझाने का प्रयास किया। मगर इस दौरान उसके हाथ भी झुलस गए। उसे तुरंत एमएम अस्पताल में भर्ती कराया गया।
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प्रेम विवाह की वजह से नहीं था दोनों परिवारों में आना-जाना
दिनेश ने बताया कि प्रेम विवाह की वजह से दोनों परिवारों में आना-जाना बंद था। उसने बताया कि अंजना की मां अक्सर जादू टोना में विश्वास रखती थी, जिसे लेकर अंजना से बहस हुई थी। हालांकि अंजना अपनी मां के घर आती-जाती थी, मगर वह विवाह के बाद कभी ससुराल नहीं गया और न ही ससुराल से यहां कोई आया।
झगड़े के कारण संपत्ति से किया बेदखल
दिनेश के पिता जगदीश ने बताया कि पति-पत्नी में अक्सर झगड़ा होता था। कई बार समझाने के प्रयत्न किए, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। दोनों में झगड़े को देखते हुए उन्होंने पहले ही उन्हें संपत्ति से बेदखल कर दिया था।
शवों को मोर्चरी में रखवा दिया है। परिजनों को सूचना दी जा चुकी है। उनके आने पर अगर वे कोई बयान देते हैं तो बयानों के आधार पर कार्रवाई होगी। - रणजीत सिंह, जांच अधिकारी, मुलाना थाना