विहिप के जिला महामंत्री रवींद्र गोयल ने बजरंग दल के नेता कपिल वत्स और ऋषि नगर के अनिल वर्मा द्वारा सेंट्रल जेल वन में वीरवार से आमरण-अनशन करने का दावा किया है।
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उनका कहना है कि वह वीरवार को दोनों से मुलाकात करके आए हैं। दोनों ने बताया कि वे मांगों को लेकर अनशन पर हैं। दूसरी तरफ जेल प्रबंधन ने आमरण-अनशन की बात को बिल्कुल निराधार बताया है। विहिप के जिला महामंत्री रवींद्र गोयल ने बताया कि पुलिस ने यह मामला जान बूझकर थोपा है।
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इसलिए एक महिला पुलिस अधिकारी को सस्पेंड किया जाना चाहिए और साजिश में शामिल लोगों के नाम सामने आने चाहिए। दोनों ने बताया कि मांग पूरी होने तक जेल में अनशन जारी रहेगा।
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गोयल ने बताया कि इस प्रकरण को लेकर शुक्रवार को शहर में संगठन की एक गुप्त मीटिंग की गई, जिसमें विहिप के प्रांतीय संगठन मंत्री विवेकानंद ने भाग लिया। मीटिंग में उनको मामले के बारे में अवगत कराया गया। कार्यकर्ताओं ने प्रकरण पर मंथन किया और जल्द कोई बड़ा फैसला लिया जाएगा।
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यह है मामला
बजरंग दल के कार्यकर्ता अमरनाथ यात्रियों पर आतंकी हमले के विरोध में 11 जुलाई को लाहौरिया चौक पर प्रदर्शन करने गए थे। वे बाद में प्रदर्शन करते हुए पास में एक मस्जिद के सामने पहुंच गए थे। बताया जाता है कि वहां गेट पर आए सहारनपुर के व्यापारी मोहम्मद आसिन को उन्होंने भारत माता की जय बोलने के लिए कहा था।
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फिर बहस होने पर व्यापारी को थप्पड़ मार दिया था। यह प्रकरण सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था। सिटी थाना पुलिस ने इस संबंध में 100-125 अज्ञात लोगों पर केस दर्ज किया था। पुलिस इस मामले में कपिल वत्स और अनिल वर्मा को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। निचली अदालत के बाद वीरवार को सत्र न्यायालय ने भी दोनों की जमानत खारिज कर दी थी।
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जेल में किसी ने नहीं किया अनशन : दहिया
इस बारे में दिल्ली रोड स्थित सेंट्रल जेल वन के अधीक्षक शमशेर दहिया ने बताया कि जेल में किसी ने आमरण अनशन नहीं किया है। यह सरासर झूठ है। जेल में किसी को कोई परेशानी नहीं है। ऐसे में भला कौन अनशन करेगा।
हमें नहीं पता जेल में किसने आमरण-अनशन किया है। हमारे पास ऐसी कोई सूचना नहीं है। फिर भी कोई भी जेल प्रबंधन से संपर्क कर सच्चाई जान सकता है।
-चंद्रभान, प्रवक्ता जिला पुलिस विभाग