BSF से बर्खास्त तेज बहादुर यादव ने एक बार फिर सेना में खाने को लेकर एक बड़ा खुलासा किया है, देखिए
विज्ञापन
2 of 9
तेज बाहदुर यादव
- फोटो : SELF
ठीक एक साल पहले बीएसएफ में खराब खाने का वीडियो वायरल कर बर्खास्तगी झेलने वाले तेज बहादुर ने अमर उजाला से खास बातचीत में कई चौंका देने वाली बातें बताई हैं।
विज्ञापन
3 of 9
बीएसएफ जवान तेजबहादुर यादव
तेजबहादुर का कहना है कि खराब खाने का वीडियो वायरल होने के बाद तीन-चार माह तक तो जवानों को अच्छा खाना दिया गया। तब जवानों के खाने में सभी चीजों का ध्यान रखा गया। अब साथी बताते हैं कि वही पुराना ढर्रा बन गया है।
4 of 9
तेजबहादुर
- फोटो : File Photo
बातचीत में तेज बहादुर ने कहा कि अब मुझे अंदर नहीं जाने देते हैं। जिस तरह साथियों से फोन पर बात होती है तो वे बताते हैं कि वही पुराना ढर्रा फिर शुरू हो गया है। जिन अधिकारियों के खिलाफ मैंने शिकायत की थी। उनके खिलाफ एक्शन नहीं लिया।
विज्ञापन
5 of 9
तेजबहादुर
- फोटो : File Photo
हालांकि अधिकारियों ने खाने को लेकर मेरी शिकायत को ठीक माना था। शिकायत को सार्वजनिक करने पर मुझे दोषी करार दिया गया। सरकार ने भी बीएसएफ के जवानों के भोजन की क्वालिटी के लिए कोई कानून निर्धारित नहीं किया।
विज्ञापन
6 of 9
Tej Bahadur Yadav
मेरा वीडियो वायरल होने पर मुझे सांभा भेज दिया गया। वहां से 19 अप्रैल को कोर्ट मार्शल कर दिया गया। अभी 20 दिसंबर को मैंने चंडीगढ़ हाईकोर्ट में इसके खिलाफ अपील की है। उम्मीद है कि निर्णय मेरे पक्ष में ही आएगा।
विज्ञापन
7 of 9
तेज बहादुर की पत्नी शर्मीला
- फोटो : अमर उजाला
पत्नी करती है निजी कंपनी में काम
तेजबहादुर फिलहाल रेवाड़ी में दिल्ली रोड स्थित मधु विहार में किराए के मकान में रह रहे हैं। उन्होंने बताया कि फिलहाल घर में कमाई का जरिया निजी कंपनी में काम करने पर पत्नी शर्मिला को मिलने वाले 15 हजार रुपये हैं। इसमें से पांच हजार रुपये किराए के दे देता हूं।
8 of 9
तेज बहादुर
इकलौता बेटा रोहित रेवाड़ी में ही बीएससी फर्स्ट ईयर का छात्र है। मुझे बीएसएफ से बर्खास्त करने पर पिता शेर सिंह (80) को हार्ट अटैक आया था। उनकी सर्जरी कराई गई, लेकिन अभी भी उनकी तबीयत खराब रहती है। बीएसएफ से बर्खास्त करने पर मेरे सारे डॉक्यूमेंट जब्त कर लिए गए। पेंशन और भत्तों पर भी रोक लगा दी गई। ऐसे में घर चलाना मुश्किल हो गया है।
गौरतलब है कि बीएसएफ जवान तेज बहादुर यादव ने 9 जनवरी 2017 को फेसबुक पर एक वीडियो पोस्ट किया था। वीडियो में उसने जवानों को दिया जाने वाला खाना दिखाया था। यादव ने दाल में केवल हल्दी और नमक होने का दावा किया था। उसने साथ ही कहा था कि उन्हें जली हुई रोटी दी जाती है। उसने कहा था कि कई स्थानों पर इस प्रकार का खाना दिया जाता है और कई बार जवानों को भूखे पेट सोना पड़ता है।