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30 साल से खा रहा था मिर्गी की दवाई, बाद में पता चली चौंकाने वाली सच्चाई

Sat, 31 Aug 2019 12:23 PM IST
सोनू शर्मा फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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30 साल बाद पता चली सिर दर्द की असली वजह - फोटो : Pixabay/Pearvideo.com
चीन में एक बेहद ही चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां रहने वाला एक शख्स पिछले 30 साल से लगातार सिरदर्द और चक्कर आने की समस्या से पीड़ित था। डॉक्टरों ने बताया था कि उसे मिर्गी है, जिसकी दवाई वो लगातार खा रहा था, लेकिन बाद में जब उसे सच्चाई पता चली तो वो हैरान रह गया। 

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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
दरअसल, गुआंगदोंग प्रांत के पहाड़ी गांव में रहने वाले 59 वर्षीय झांग को सबसे पहले साल 1989 में तेज सिर दर्द और चक्कर आने की शिकायत हुई थी। तब वह अपने कुछ दोस्तों के साथ बैठकर गेम खेल रहे थे, उसी समय उनके बाजू और पैरों में सनसनी होने लगी। उनके मुंह से झाग निकलने लगा और वह बेहोश हो गए। 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : File photo
बेहोश होने के बाद झांग को ग्वांगझू के एक अस्पताल में ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने बताया कि उन्हें मिर्गी है। इसके बाद से वो लगातार मिर्गी की दवाई खाते रहे, लेकिन सिर दर्द, चक्कर, बेहोशी और शरीर में सनसनाहट की समस्या खत्म नहीं हुई। 

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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
चूंकि झांग का सिर दर्द लंबा नहीं रहता था, इसलिए वो हर रोज दवाई नहीं खाते थे। लेकिन साल 2015 में उनकी समस्या और ज्यादा तब बढ़ गई, जब गांव में आग लगी थी। इसके बाद से उन्हें हर महीने तेज सिर दर्द होने लगा और चक्कर खाकर बेहोश होने लगे। 
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दिमाग में था कीड़ा - फोटो : Pearvideo.com
जब झांग की परेशानी बढ़ गई तो वो एक बार फिर डॉक्टर के पास पहुंचे, लेकिन उनका साफ कहना था कि ये परेशानी मिर्गी की वजह से ही है। हालांकि झांग को संतुष्टि नहीं मिली और वो दूसरे अस्पताल में पहुंचे, जहां उनका एमआरआई स्कैन किया गया। तब जाकर सिर दर्द की असली और चौंकाने वाली वजह पता चली। 
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दिमाग में था कीड़ा - फोटो : Pearvideo.com
दरअसल, झांग के दिमाग में एक 10 सेंटीमीटर लंबा परजीवी था, जिसे सर्जरी के द्वारा निकाल दिया गया। इसमें सबसे ज्यादा हैरानी की बात तो ये थी कि वो परजीवी 30 साल से जिंदा था। यह देखकर डॉक्टर भी हैरान थे। 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
झांग के दिमाग का ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर यान जुईकियांग के मुताबिक, नदी का पानी पीने या आधा पका झींगा खाने से ऐसे इंफेक्शन हो सकते हैं, जैसा झांग को हुआ था। चूंकि झांग के गांव में लोग नदी का ही पानी पीते हैं और झींगा खूब खाते हैं, इसलिए डॉक्टर यान का मानना है कि झांग के दिमाग में इसी वजह से ये सिर दर्द की परेशानी हुई होगी। 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
आपको बता दें कि परजीवी दूसरे जीवों पर आश्रित जीवों को कहते हैं। परजीवी प्राणियों में जूं आते हैं, जो इंसानों के साथ-साथ बाल वाले जानवरों में भी होते हैं। इसके अलावा चिलुआ भी परजीवी की श्रेणी में ही आते हैं, जो पसीने की गंध से कपड़ों में पैदा हो जाते हैं। जोंक भी परजीवी ही होते हैं, जो गंदे पानी में रहते हैं और शरीर से चिपट कर खून चूसते हैं। 
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