हाल ही में एक देश ने चौंकाने वाला फैसला लिया है। दरअसल, यहां काली दिखने वाली कारों पर बैन लगा दिया है। यह अजीबोगरीब फैसला ब्लैक या डार्क कलर के कार ओनर्स के लिए परेशानी का सबब बन गया है।
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car on road
मीडिया रिपोर्टों की मानें तो इस देश के प्रेसिडेंट का व्हाइट कलर की गाड़ियों लेकर तगड़ा पैशन बताया जाता है। बस यही पैशन अब ब्लैक कलर कार मालिकों के गले की फांस बन गया है।
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white car
जी हां, तुर्कमेनिस्तान की राजधानी अश्गाबत में यह नियम अभी से प्रभाव में आ चुका है। अब से यहां सिर्फ सफेद या सिल्वर कलर की कार ही नजर आएंगी। दरअसल, देश के प्रेसिडेंट का मानना है कि ये व्हाइट कलर लकी होता है।
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President house
अब यहां डार्क कलर की हर गाड़ी को रोका जा रहा है। ऐसी गाड़ी पकड़ते ही पुलिस उसे सीधा जब्त कर रही है। ऐसे में लोगों को मजबूरन अपनी कार को दूसरे कलर में पेंट कराना पड़ रहा है।
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President house
बता दें यहां कार को पेन्ट कराने का खर्च करीब 1 लाख 28 हजार है, जबकि देश में लोगों की औसत तनख्वाह ही करीब 21 हजार रुपए है। ऐसे में कार मालिकों को फाइनेंशियल दिक्कतों से गुजरना पड़ रहा।
गौरतलब हो 'अश्गाबत सिटी' को ऑफ व्हाइट मार्बल के नाम से भी जाना जाता है। इसके नाम व्हाइट मार्बल से बनी ऊंची से ऊंची बिल्डिंग होने का भी रिकॉर्ड है। यहां के राष्ट्रपति का नाम गुरबांगुली बर्देमुखाम्मेदोव है जो सफेद रंग का शौकीन बताया जाता है। उनकी अपनी सफेद रंग की ही लिमोजिन है।